पौड़ी गढ़वाल, 19 मई । जनपद में बढ़ती गर्मी के बीच पेयजल संकट को लेकर मिल रही शिकायतों पर जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया ने मंगलवार को जल संस्थान कार्यालय का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान कई स्तरों पर लापरवाही सामने आने पर डीएम ने संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों को कड़ी चेतावनी दी।
निरीक्षण के दौरान एक कनिष्ठ अभियंता (जेई) ड्यूटी समय में घर पर मिला, जिस पर जिलाधिकारी ने उसके खिलाफ प्रतिकूल प्रविष्टि जारी करने के निर्देश दिए। वहीं अधीक्षण अभियंता कार्यालय से अनुपस्थित पाए गए, जिसके चलते उनका एक दिन का वेतन रोकते हुए स्पष्टीकरण मांगा गया। मामले की सूचना पेयजल सचिव को भी भेजी गई है।
जिलाधिकारी ने कंट्रोल रूम व्यवस्था की समीक्षा करते हुए शिकायत नंबर कार्यालय के बाहर चस्पा करने और शिकायतों का नियमित रिकॉर्ड रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पेयजल जैसी जनहित से जुड़ी व्यवस्था में किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
डीएम ने डिस्पैच रूम, लेखा अनुभाग, कंप्यूटर अनुभाग और शिकायत अनुभाग का निरीक्षण कर शिकायतों के निस्तारण की स्थिति जानी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि शिकायतों का समयबद्ध समाधान सुनिश्चित किया जाए और शिकायतकर्ता को भी इसकी जानकारी दी जाए।
गिरगांव क्षेत्र में महिलाओं द्वारा उठाई गई पेयजल समस्या की समीक्षा करते हुए डीएम ने कहा कि यदि समय पर जलापूर्ति नहीं हो रही है तो संबंधित फिटर को हटाकर वैकल्पिक व्यवस्था की जाए। साथ ही संयुक्त मजिस्ट्रेट को फील्ड में भेजे जा रहे कर्मचारियों की उपस्थिति का पटवारियों के माध्यम से सत्यापन कराने के निर्देश भी दिए।
जिलाधिकारी ने कार्यालय में सीसीटीवी कैमरे लगाने और फील्ड में कार्यरत कर्मचारियों की नियमित मॉनिटरिंग करने के निर्देश देते हुए कहा कि आमजन को सुचारु पेयजल व्यवस्था उपलब्ध कराना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
