औरैया, 23 सितंबर (हि. स.)। उत्तर प्रदेश के औरैया जनपद में ऑपरेशन कनविक्शन अभियान के तहत पुलिस की गुणवत्तापूर्ण विवेचना और अभियोजन की प्रभावी पैरवी के चलते नाबालिग से छेड़खानी के मामले में दोषी अभियुक्त को न्यायालय ने पांच वर्ष के सश्रम कारावास की सजा सुनाई है। न्यायालय ने अभियुक्त पर कुल 25,500 रुपये का अर्थदंड भी लगाया है।
थाना दिबियापुर में दर्ज मुकदमा अपराध संख्या 422/2021 में धारा 354, 323, 504, 506 भादवि और धारा 7/8 पॉक्सो अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया गया था। मामले में ग्राम जमुहाँ निवासी सर्वेश कुमार पुत्र राकेश बाबू अभियुक्त था।
पुलिस मीडिया सेल के अनुसार, मामले की विवेचना पूरी करने के बाद अभियोजन पक्ष ने न्यायालय में प्रभावी पैरवी की। बुधवार को न्यायालय औरैया ने उपलब्ध साक्ष्यों और पुलिस की ओर से की गई पैरवी के आधार पर अभियुक्त सर्वेश कुमार को धारा 323/354 भादवि और धारा 8 पॉक्सो अधिनियम के तहत दोषी करार दिया।
न्यायालय ने अभियुक्त को पांच वर्ष के सश्रम कारावास की सजा सुनाते हुए कुल 25,500 रुपये के अर्थदंड से दंडित किया। पुलिस के मुताबिक ऑपरेशन कनविक्शन के तहत गंभीर अपराधों में दोषियों को सजा दिलाने के लिए विवेचना की गुणवत्ता और अभियोजन की पैरवी पर विशेष जोर दिया जा रहा है। अभियान के तहत न्यायालय में प्रभावी पैरवी कर अधिक से अधिक मामलों में दोषियों को सजा दिलाने का प्रयास किया जा रहा है।
