इंडियन ओवरसीज कांग्रेस के अध्यक्ष सैम पित्रोदा ने विरासत टैक्स पर बयान दिया है। चुनावी मौसम में इस मुद्दे पर पहले ही विवाद हो रहा है।

सैम के ताजा बयान पर चौतरफा हमला शुरू हो गया है। कांग्रेस ने सैम पित्रोदा से किनारा कर लिया है।

पार्टी का कहना है कि ऐसा नहीं है कि पित्रोदा के विचार हमेशा भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस को दर्शाते हैं। कई बार उनके विचार कांग्रेस पार्टी के विचार नहीं होते हैं।

वहीं पित्रोदा के संपत्ति के बंटवारे वाले बयान को लेकर भाजपा ने पलटवार करते हुए कहा है कि कांग्रेस ने भारत को बर्बाद करने की ठान ली है।

भाजपा आईटी सेल के हेड अमित मालवीय ने सैम पित्रोदा के बयान को लेकर कांग्रेस की आलोचना करते हुए एक्स पर पोस्ट कर कहा, “कांग्रेस ने भारत को बर्बाद करने की ठान ली है। अब, सैम पित्रोदा धन के बंटवारे के लिए 50 प्रतिशत विरासत टैक्स की वकालत कर रहे हैं। इसका मतलब यह है कि हम अपनी सारी मेहनत और उद्यम से जो कुछ भी बनाएंगे, उसका 50 प्रतिशत छीन लिया जाएगा। यह 50 प्रतिशत उस टैक्स के अलावा होगा जो टैक्स हम देते हैं और अगर कांग्रेस जीतती है तो यह टैक्स भी बढ़ जाएगा।”

गौरतलब है कि कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने पिछले दिनों कहा था कि अगर उनकी सरकार आई तो वित्तीय और संस्थानिक सर्वे कराएंगे। हम ये पता लगाएंगे कि देश की दौलत किसके पास है। इसके बाद हम ऐतिहासिक कदम उठाएंगे। हम क्रांतिकारी कदम उठाते हुए ये सुनिश्चित करेंगे कि आपका अधिकार आपको मिले।

उनके इस बयान पर सैम पित्रोदा ने अमेरिका के विरासत टैक्स का जिक्र किया। पित्रोदा के मुताबिक अमेरिका में 55 फीसदी विरासत टैक्स लगता है। सरकार 55 फीसदी हिस्सा ले लेती है। उन्होंने कहा कि संपत्ति जनता के लिए छोड़नी चाहिए। अगर किसी व्यक्ति के पास 10 करोड़ डॉलर की संपत्ति है तो उसके मरने के बाद 45 फीसदी संपत्ति उसके बच्चों को और 55 फीसदी पर सरकार का अधिकार होता है।

उन्होंने कहा कि भारत में ऐसा कानून नहीं है। ऐसे मुद्दों पर चर्चा करनी चाहिए।

उन्होंने कहा कि हम ऐसी नीतियों की बात कर रहे हैं, जो लोगों के हित में हो न कि सिर्फ अमीरों के हित में। हालांकि इसके साथ ही सैम पित्रोदा ने कहा है कि राहुल या कांग्रेस ने अपने घोषणापत्र में अमीरों की संपत्ति बांटने की कोई भी बात नहीं कही है। यह कहा गया है कि कांग्रेस ऐसी पॉलिसी बनाएगी, जिससे संपत्ति का समान वितरण होगा।

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