उत्तर प्रदेश के प्रयागराज के धूमनगंज क्षेत्र से मेरठ पुलिस ने वसूली के आरोप में अपने ही विभाग के दो दरोगाओं को गिरफ्तार किया है। दोनों पिछले दो दिनों से प्रयागराज में छिपे हुए थे और पुराने मोबाइल नंबर बंद कर नए नंबर का इस्तेमाल कर रहे थे। पकड़े गए दरोगाओं की पहचान लोकेंद्र साहू और महेश कुमार के रूप में हुई है। उन पर मेरठ के टीपीनगर निवासी धागा कारोबारी रासिक को फर्जी मुठभेड़ (एनकाउंटर) में फंसाने की धमकी देकर 20 लाख रुपये वसूलने का आरोप है।

कैसे पकड़े गए आरोपी दरोगा? 
सूत्रों के अनुसार, दोनों दरोगा दो दिन पहले प्रयागराज पहुंचे थे और एक अधिवक्ता के संपर्क में थे। पहले उन्हें हाईकोर्ट के पास मिलने के लिए बुलाया गया, लेकिन उन्होंने वहां आने से इनकार कर धूमनगंज के कन्हईपुर मोहल्ले स्थित अधिवक्ता के मुंशी के घर मिलने का स्थान तय किया। इसी बीच मेरठ पुलिस को उनके नए मोबाइल नंबर की जानकारी मिल गई। सर्विलांस के जरिए नंबर की लोकेशन प्रयागराज में मिली।

टीम ने योजना बनाकर पकड़ा 
इसके बाद मेरठ पुलिस की एक टीम गुरुवार को ही प्रयागराज पहुंच गई और शुक्रवार शाम करीब छह बजे धूमनगंज में छापा मारकर दोनों को हिरासत में ले लिया। बताया गया है कि कार्रवाई को पूरी तरह गोपनीय रखा गया। गिरफ्तारी के लिए स्थानीय धूमनगंज पुलिस की मदद नहीं ली गई। टीम ने केवल थाने में यह सूचना दी थी कि वह एक वांछित की तलाश में जा रही है। हिरासत में लेने के बाद मेरठ पुलिस दोनों को सीधे मेरठ लेकर रवाना हो गई।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Verified by MonsterInsights