नीरज प्रजापति
जिला जज के आदेश पर सुरक्षा व्यवस्था की पड़ताल, वादकारियों के पहचान पत्रों की जांच और अधिवक्ताओं को भी निर्धारित ड्रेस व आईडी कार्ड के साथ प्रवेश के निर्देश।
मुजफ्फरनगर। न्यायालय परिसर की सुरक्षा को लेकर अब किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। कचहरी में आने वाले प्रत्येक व्यक्ति की पहचान सुनिश्चित करने और सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाने के उद्देश्य से गुरुवार को न्यायालय परिसर में सघन चेकिंग अभियान चलाया गया। इस दौरान पुलिस बल और एंटी सबोटाज टीम ने संयुक्त रूप से मोर्चा संभालते हुए मुख्य प्रवेश द्वारों से लेकर संवेदनशील स्थानों तक सुरक्षा व्यवस्था की गहन पड़ताल की। अभियान के बाद कचहरी परिसर में प्रवेश को लेकर नियमों का सख्ती से पालन करने के निर्देश दिए गए। जिला जज के आदेशानुसार तथा अपर जिला जज/एससी-एसटी कोर्ट के मार्गदर्शन एवं नेतृत्व में संचालित इस विशेष अभियान की कमान प्रभारी निरीक्षक कचहरी सुरक्षा सर्वेश कुमार ने संभाली।
उनके नेतृत्व में पुलिसकर्मियों और एंटी सबोटाज टीम ने न्यायालय परिसर में आने-जाने वाले लोगों की गतिविधियों पर नजर रखी। सुरक्षा के लिहाज से प्रवेश द्वारों पर विशेष सतर्कता बरती गई और वादकारियों के पहचान पत्रों की जांच की गई। अभियान का प्रमुख केंद्र न्यायालय परिसर में प्रवेश करने वाले वादकारियों की पहचान सुनिश्चित करना रहा। पुलिस टीम ने लोगों के आधार कार्ड और अन्य पहचान संबंधी दस्तावेजों की बारीकी से जांच की। स्पष्ट निर्देश दिए गए कि कोई भी वादकारी वैध आधार कार्ड अथवा पहचान पत्र के बिना न्यायालय परिसर में प्रवेश करने का प्रयास न करे। सुरक्षा व्यवस्था को प्रभावी बनाए रखने के लिए पहचान संबंधी नियमों का पालन अनिवार्य किया गया है। सिर्फ वादकारियों ही नहीं, बल्कि न्यायालय परिसर में नियमित रूप से आने वाले अधिवक्ताओं के लिए भी आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए। अधिवक्ताओं से अपेक्षा की गई कि वे अपनी निर्धारित वकालती ड्रेस और अधिकृत पहचान पत्र (आईडी कार्ड) धारण करके ही कचहरी परिसर में प्रवेश करें। इस अभियान के जरिए न्यायालय परिसर में सुरक्षा के प्रति सतर्कता का संदेश दिया गया। पुलिस और एंटी सबोटाज टीम की संयुक्त कार्रवाई का उद्देश्य किसी भी संदिग्ध गतिविधि अथवा सुरक्षा संबंधी खतरे को समय रहते पहचानना और अप्रिय घटना की आशंका को समाप्त करना है। कचहरी सुरक्षा प्रभारी ने स्पष्ट किया कि न्यायालय परिसर की सुरक्षा व्यवस्था को चाक-चौबंद बनाए रखने के लिए इस तरह के सघन चेकिंग अभियान आगे भी समय-समय पर जारी रहेंगे। अब कचहरी में प्रवेश करने वाले प्रत्येक व्यक्ति को निर्धारित पहचान और सुरक्षा संबंधी नियमों का पालन करना होगा।
