नीरज प्रजापति
बघरा में रात्रि संवाद के दौरान सपा विधायक ने कुटबी का नाम लेकर साधा निशाना, बोले जनता के मुद्दे उठाना हमारी जिम्मेदारी, विकास, भाईचारे और प्रशासनिक जवाबदेही पर दिया जोर।
मुजफ्फरनगर। गांव की चौपाल पर उठने वाली आवाज जब विधानसभा तक पहुंचने का दावा करती है, तो सियासत में सवाल भी खड़े होते हैं और राजनीतिक संदेश भी दूर तक जाता है। चरथावल विधानसभा क्षेत्र के बघरा गांव में आयोजित रात्रि संवाद कार्यक्रम के दौरान समाजवादी पार्टी के विधायक पंकज मलिक ने कुछ इसी अंदाज में अपनी बात रखी। ग्रामीणों के बीच उन्होंने जहां क्षेत्र की समस्याएं सुनीं, वहीं अपने राजनीतिक प्रतिद्वंद्वियों पर निशाना साधते हुए जनता के मुद्दों को विधानसभा में उठाने की बात कही। उनका बयान अब क्षेत्रीय राजनीति में चर्चा का विषय बन सकता है।
बघरा में ग्रामीणों के बीच पहुंचे विधायक, समस्याओं पर हुई चर्चा।
बघरा गांव में पूर्व प्रधान आसिफ प्रधान के आवास पर आयोजित रात्रि संवाद कार्यक्रम में विधायक पंकज मलिक ने ग्रामीणों से सीधा संवाद किया। इस दौरान लोगों को अपनी समस्याएं और शिकायतें रखने का अवसर मिला। ग्रामीणों ने क्षेत्र से जुड़े विभिन्न मुद्दों के साथ पुलिस-प्रशासन की कार्यशैली को लेकर भी अपनी बात सामने रखी। विधायक ने ग्रामीणों की बातें सुनते हुए भरोसा दिलाया कि जनता से जुड़े मामलों को गंभीरता से लेकर उनके समाधान के लिए प्रयास किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधि की जिम्मेदारी केवल चुनाव के समय जनता के बीच पहुंचने तक सीमित नहीं है, बल्कि लोगों की समस्याओं को समझना और उन्हें उचित मंच पर उठाना भी जरूरी है।
कुटबी का जिक्र कर राजनीतिक विरोधियों को दिया जवाब
कार्यक्रम के दौरान विधायक पंकज मलिक का एक बयान खास तौर पर चर्चा में रहा। उन्होंने कहा, आपकी बात कुटबी वाले ने नहीं उठाई, आपकी बात हमने विधानसभा में उठाई है। इस टिप्पणी के जरिए उन्होंने क्षेत्रीय राजनीति में अपनी भूमिका को सामने रखते हुए यह संदेश देने का प्रयास किया कि जनता के मुद्दों को सदन तक पहुंचाना उनकी प्राथमिकताओं में शामिल है। हालांकि, कार्यक्रम में विधानसभा में उठाए गए संबंधित मुद्दों का विस्तृत ब्योरा सामने नहीं आया, लेकिन उनके बयान ने राजनीतिक बहस को नया विषय दे दिया। अब सवाल यह है कि जिन समस्याओं को सदन में उठाने की बात कही गई, उनके समाधान की दिशा में आगे क्या कदम उठते हैं।
जाति-धर्म की राजनीति के बजाय जनहित पर जोर
विधायक ने भाजपा सरकार की नीतियों की आलोचना करते हुए कहा कि राजनीति का उद्देश्य लोगों को जाति और धर्म के आधार पर बांटना नहीं, बल्कि उनकी समस्याओं का समाधान करना होना चाहिए। उन्होंने विकास, सामाजिक सद्भाव और आपसी भाईचारे को प्राथमिकता देने की बात कही। पंकज मलिक ने अपने और अपने पिता के राजनीतिक कार्यकाल का उल्लेख करते हुए दावा किया कि उन्होंने भाईचारे और विकास की राजनीति को महत्व दिया है। उनके अनुसार, जनता का विश्वास बनाए रखने के लिए जनप्रतिनिधियों को लोगों के बीच रहकर उनकी परेशानियों को समझना चाहिए।
