नई दिल्ली, 07 जुलाई । कड़कड़डूमा कोर्ट ने दिल्ली दंगों के दौरान आईबी अधिकारी अंकित शर्मा की हत्या के मामले में मंगलवार को फिर फैसला टाल दिया है। एडिशनल सेशंस जज प्रवीण सिंह ने 13 जुलाई को फैसला सुनाने का आदेश दिया।
इसके पहले कोर्ट ने 11 जून को फैसला टाल दिया था। इस मामले में ताहिर हुसैन के अलावा हसीन ऊर्फ मुल्लाजी ऊर्फ सलमान, नाजिम, कासिम, समीर खान, अनस, फिरोज, जावेद, गुलफाम, शोएब आलम ऊर्फ बॉबी और मुंतजिम ऊर्फ मुसा आरोपित हैं। दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने 3 जून, 2020 को इस मामले में चार्जशीट दाखिल की थी। क्राइम ब्रांच की चार्जशीट में कहा गया कि 24 और 25 फरवरी, 2020 को ताहिर हुसैन ने अपने घर और चांद बाग पुलिया के पास मस्जिद से भीड़ का नेतृत्व किया और उसे सांप्रदायिक रुप दिया।
चार्जशीट में कहा गया था कि अंकित शर्मा हत्या के लिए साजिश रची गई थी। अंकित शर्मा को ताहिर हुसैन के नेतृत्व में भीड़ ने खास रुप से टारगेट किया। खजूरी खास इलाके में ताहिर हुसैन के घर के बाहर वारदात हुई। शर्मा की हत्या के बाद भीड़ ने एक नाले में लाश फेंक दी। पुलिस के मुताबिक कुछ लोग लाश नाले में फेंक रहे थे। अंकित शर्मा की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में डॉक्टरों ने पाया था कि तेज धार वाले हथियार से 51 वार के निशान हैं। ताहिर ने ही चांद बाग इलाके में भीड़ को उकसाया।
