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नई दिल्ली, 02 अक्टूबर । पेरिस स्थित बोचासनवासी अक्षर पुरुषोत्तम स्वामीनारायण संस्था (बीएपीएस) हिंदू मंदिर ने एफिल टावर से जुड़े विवाद पर आधिकारिक जांच रिपोर्ट का हवाला देते हुए बताया कि उसके प्रतिनिधिमंडल ने कभी भी महिला कर्मचारियों को छिपाने, हटाने या आगंतुकों के मार्ग से अलग करने की मांग नहीं की थी। संस्था ने कहा कि जांच के निष्कर्षों ने इस तथ्य की पुष्टि कर दी है।

बीएपीएस (बोचासनवासी अक्षर पुरुषोत्तम स्वामीनारायण संस्था) की ओर से सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर जारी बयान में कहा गया कि एफिल टावर यात्रा से जुड़े घटनाक्रम की आधिकारिक जांच के निष्कर्ष सामने आने के बाद संस्था सबसे पहले उन कर्मचारियों के प्रति अपनी चिंता व्यक्त करना चाहती है जो इस विवाद से प्रभावित हुए।

बीएपीएस ने कहा कि उसने शुरू से ही स्पष्ट किया था कि उसने महिला कर्मचारियों को हटाने, छिपाने या आगंतुकों के मार्ग से दूर रखने का कोई अनुरोध नहीं किया था। संस्था ने कहा कि आधिकारिक जांच में भी यह स्थापित हुआ है कि महिला कर्मचारियों को आगंतुक मार्ग से हटाने संबंधी कोई मांग प्रतिनिधिमंडल की ओर से नहीं की गई थी।

संस्था ने उम्मीद जताई कि जांच रिपोर्ट से पूरे घटनाक्रम की परिस्थितियों को बेहतर ढंग से समझने में मदद मिलेगी और इससे जुड़े सभी पक्ष सम्मानजनक तरीके से आगे बढ़ सकेंगे।

उल्लेखनीय है कि यह विवाद 5 सितंबर को उस समय सामने आया था जब कुछ मीडिया रिपोर्टों में दावा किया गया था कि एक हिंदू धार्मिक प्रतिनिधिमंडल के एफिल टावर दौरे के दौरान महिला कर्मचारियों से अपने कार्यस्थल बदलने या दूसरे हिस्सों में जाने के लिए कहा गया था और उनकी जगह पुरुष कर्मचारियों को तैनात किया गया था। इन आरोपों के बाद बीएपीएस और हिंदू धार्मिक परंपराओं को लेकर व्यापक आलोचना हुई थी।

हालांकि, मामले की जांच में सामने आया कि घटनाक्रम के पीछे कई प्रशासनिक और परिचालन स्तर की गलतियां तथा आपसी संचार की कमी जिम्मेदार थी। जांच के अनुसार, कुछ महिला कर्मचारियों के कार्यस्थल बदले गए थे, लेकिन यह निर्णय बीएपीएस की मांग पर नहीं लिया गया था।

पेरिस की जांच एजेंसी की रिपोर्ट में यह निष्कर्ष सामने आने के बाद बीएपीएस ने कहा कि पूरे विवाद को संस्था के निर्देश के रूप में प्रस्तुत करना सही नहीं था।

बीएपीएस स्वामीनारायण परंपरा से जुड़ी एक वैश्विक आध्यात्मिक और सामाजिक-सांस्कृतिक संस्था है। फ्रांस में बनने वाला बीएपीएस हिंदू मंदिर देश का पहला पारंपरिक हिंदू मंदिर है।

By editor

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