नीरज प्रजापति
14 से 24 सितम्बर तक गूंजेगा गणपति बप्पा का जयघोष, स्वर्ण श्रृंगार, 56 भोग और रजत पालना होंगे विशेष आकर्षण
मुजफ्फरनगर। अग्रपूज्य, पार्वती नंदन और समस्त विघ्नों का विनाश करने वाले भगवान श्री गणपति का जन्मोत्सव इस वर्ष भी श्रद्धा और भक्ति के उल्लास के साथ मनाया जाएगा। गणपति जन्मोत्सव की जानकारी शनिवार को गणपति धाम में श्री गणपति खाटू श्याम मंदिर परिवार के पदाधिकारियों द्वारा प्रेस वार्ता कर दी गई। प्रेस वार्ता के दौरान श्री गणपति खाटू श्याम मंदिर परिवार, भरतिया कालोनी द्वारा 14 सितम्बर से 24 सितम्बर 2026 तक मंदिर प्रांगण में गणपति जन्मोत्सव का भव्य आयोजन किया जा रहा है। उत्सव को लेकर मंदिर परिसर को आकर्षक विद्युत रोशनी और रंग-बिरंगे फूलों से सजाने का कार्य शुरू कर दिया गया है। आयोजन को लेकर श्रद्धालुओं में खासा उत्साह बना हुआ है।
गणपति जन्मोत्सव के दौरान भगवान गणपति का नयनाभिराम स्वर्ण श्रृंगार, 56 भोग और भगवान गणपति का रजत पालना श्रद्धालुओं के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र रहेगा। धार्मिक वातावरण में होने वाले विभिन्न आयोजनों के दौरान मंदिर परिसर गणपति बप्पा के जयघोष और भक्ति गीतों से गुंजायमान रहेगा। भक्तों का मानना है कि विघ्नविनाशक गणपति की आराधना से जीवन के कष्ट दूर होते हैं और सुख-समृद्धि का मार्ग प्रशस्त होता है।
14 सितम्बर को निकलेगी भव्य शोभायात्रा
गणपति जन्मोत्सव का शुभारंभ सोमवार, 14 सितम्बर को प्रातः 10 बजे भव्य शोभायात्रा के साथ होगा। शोभायात्रा मंदिर प्रांगण से प्रारंभ होकर नवीन मंडी स्थल (गुड़ मंडी), राजबाहा रोड, मुनीम कॉलोनी, नई मंडी बड़े डाकखाने के सामने, गौशाला रोड, नंदी स्वीट्स के बराबर से होते हुए पुरानी गुड़ मंडी, पीठ बाजार, बिंदल बाजार पहुंचेगी।
इसके बाद शोभायात्रा मेहता क्लब के बराबर से वकील रोड, चौड़ी गली, गौशाला रोड, भोपा पुल के बराबर से होते हुए वकील रोड, नई मंडी बिजलीघर और बड़े डाकखाने के सामने से वापस मंदिर प्रांगण पहुंचेगी, जहां शोभायात्रा का समापन होगा।
शोभायात्रा का सबसे बड़ा आकर्षण भगवान श्री गणपति का भव्य स्वर्ण रथ होगा। मान्यता और श्रद्धाभाव के साथ भगवान गणपति स्वर्ण रूप में नगर भ्रमण करते हुए भक्तों के कष्ट हरने और उनके घर-प्रतिष्ठानों को मंगलमय करने का संदेश देंगे। शोभायात्रा मार्ग को तोरणद्वारों, झंडों और आकर्षक सजावट से सजाया जा रहा है।
गणपति जन्मोत्सव को लेकर मंदिर परिवार तैयारियों में जुटा है। आयोजन के दौरान श्रद्धालुओं के लिए भक्तिमय वातावरण तैयार किया जा रहा है। आयोजकों ने श्रद्धालुओं से अधिक से अधिक संख्या में पहुंचकर भगवान गणपति के दर्शन करने और जन्मोत्सव में शामिल होकर पुण्य लाभ अर्जित करने का आह्वान किया है। गणपति बप्पा मोरया के जयघोष के साथ पूरा क्षेत्र भक्तिरस में सराबोर होने को तैयार है। प्रेस वार्ता में मुख्य रूप से भीमसेन कंसल, अशोक गर्ग, अनिल गोयल, चाचा जे०पी० गोयल, कैलाश चन्द ज्ञानी, सोमप्रकाश कुच्छल, अम्बरीश सिंघल, विनोद राठी, बिजेन्द्र कुमार रानो, विकास अग्रवाल, प्रतीक कंसल, रजत राठी, नीरज गोयल, अमित गोयल, रजत गोयल, नवीन अग्रवाल, अंकित अग्रवाल, शशांक राणा, अग्रिम सिंघल, नवनीत गुप्ता, तुषार गर्ग, यश गर्ग व समस्त सदस्य गणपतिधाम परिवार मौजूद रहे।
भक्ति और आस्था से सजेगा विशाल धार्मिक रथयात्रा का मार्ग
भगवान खाटू श्याम जी के विशाल रथ के साथ 12 झांकियां, बैंड, ढोल-ताशे और भव्य आतिशबाजी श्रद्धालुओं को आकर्षित करेंगे।
धार्मिक आस्था और भक्ति भावना से ओतप्रोत होने वाली यात्रा में इस बार श्रद्धालुओं के लिए विशेष आकर्षणों की भरमार रहेगी। यात्रा का मुख्य आकर्षण भगवान खाटू श्याम जी का विशाल रथ रहेगा, जिसके दर्शन के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के उमड़ने की संभावना है। रथयात्रा में 12 भव्य झांकियां शामिल होंगी, जो धर्म, संस्कृति, देशभक्ति और आध्यात्मिक संदेशों को जीवंत रूप में प्रस्तुत करेंगी। यात्रा में चार बैंड, दो ढोल-ताशे, दो रथ, दो भव्य आतिशबाजी कार्यक्रम, दो डी.जे. तथा दो टैंपू भी शामिल रहेंगे। भक्ति संगीत और ढोल-ताशों की गूंज से पूरा वातावरण श्याममय नजर आएगा। विशेष रूप से देशभक्ति, महाकाल, हरसिद्धि माता और भगवान के विराट रूप पर आधारित झांकियां श्रद्धालुओं के लिए आकर्षण का केंद्र रहेंगी। इन झांकियों के माध्यम से धर्म, शक्ति, भक्ति और राष्ट्रप्रेम का सुंदर संदेश दिया जाएगा।
गणपति महोत्सव में गूंजेगा भक्ति और आस्था का जयघोष, 14 से 24 सितंबर तक होंगे धार्मिक आयोजन
धार्मिक आस्था और भक्ति भावना से सराबोर गणपति महोत्सव का आयोजन 14 से 24 सितंबर तक श्रद्धापूर्वक किया जाएगा। महोत्सव के दौरान प्रतिदिन विभिन्न धार्मिक, सांस्कृतिक और भक्तिमय कार्यक्रम आयोजित होंगे, जिनमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल होकर भगवान गणपति जी का आशीर्वाद प्राप्त करेंगे।
महोत्सव का शुभारंभ 14 सितंबर सोमवार को प्रातः 10 बजे भगवान श्री गणपति जी महाराज की भव्य शोभायात्रा के साथ होगा। शोभायात्रा में भगवान गणपति जी के भव्य रथ के साथ विभिन्न झांकियां श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र रहेंगी। माता एवं भगवान के विराट रूप की झांकियों का विशेष आकर्षण रहेगा। कार्यक्रमों की श्रृंखला में 15 सितंबर को राधा नाम कीर्तन, 16 सितंबर को श्री राम संकीर्तन, 17 सितंबर को ताली कीर्तन और 18 सितंबर को सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित होगा। 19 सितंबर को श्रद्धालु श्री राधाष्टमी उत्सव मनाएंगे। वहीं 20 सितंबर को श्री सुंदरकांड पाठ का आयोजन किया जाएगा। 21 सितंबर को देशभक्ति एवं भक्तिरस कार्यक्रम, 22 सितंबर को एकादशी संकीर्तन तथा 23 सितंबर बुधवार को शाम 4 बजे पूर्णाहुति होगी। इन धार्मिक आयोजनों से पूरे वातावरण में भक्ति और आध्यात्मिक ऊर्जा का संचार होगा। महोत्सव का समापन 24 सितंबर, बृहस्पतिवार को भगवान श्री गणपति जी के विसर्जन के साथ होगा। श्रद्धालु गणपति बप्पा को भावभीनी विदाई देते हुए “गणपति बप्पा मोरया, मंगल मूर्ति मोरया, अगले बरस तू जल्दी आ” के जयघोष लगाएंगे। विसर्जन कार्यक्रम पतित पावनी मां गंगा के हरिद्वार स्थित सर्वानन्द घाट पर भंडारे के साथ सम्पन्न होगा।
