नीरज प्रजापति
AI से युद्ध और विश्व अर्थव्यवस्था तक गंभीर मंथन, UNSC, WHO, UNEP और ECOSOC में विद्यार्थियों ने निभाई देशों के प्रतिनिधियों की भूमिका
मुजफ्फरनगर। पटेल नगर स्थित एस.डी. पब्लिक स्कूल सीनियर विंग के परिसर में 21 और 22 अगस्त को दो दिवसीय अंतरविद्यालयी मॉडल यूनाइटेड नेशंस (MUN) सम्मेलन का भव्य आयोजन हुआ। सम्मेलन में क्षेत्र के प्रतिष्ठित विद्यालयों के करीब 200 छात्र-छात्राओं ने प्रतिभाग करते हुए वैश्विक मुद्दों पर गहन विचार-विमर्श किया। विद्यार्थियों ने संवाद, कूटनीति, तार्किक चिंतन और नेतृत्व क्षमता का प्रभावशाली प्रदर्शन कर सम्मेलन को जीवंत बना दिया।
कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि सपना कुमार, डॉ. सतीश त्यागी, विभागाध्यक्ष राजनीति विज्ञान (एसडी डिग्री कॉलेज) और नीलम माहना, प्रधानाचार्या डीएसडी पब्लिक स्कूल की गरिमामयी उपस्थिति में हुआ। विद्यालय की डायरेक्टर चंचल सक्सेना, प्रधानाचार्या भारती तिवारी, उपप्रधानाचार्य शिवकुमार शर्मा, डॉ. रचना जैन, इंचार्ज जूनियर विंग शशिकांत शर्मा ने अतिथियों का स्वागत किया। मां सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन के बाद सांस्कृतिक प्रस्तुति ने वातावरण को आकर्षक बना दिया। MUN की महासचिव अनुष्का गोयल ने हैमर ध्वनि के साथ सम्मेलन के औपचारिक शुभारंभ की घोषणा की।
दो दिवसीय सम्मेलन में विद्यार्थियों ने संयुक्त राष्ट्र की विभिन्न समितियों—UNSC, WHO, UNEP और ECOSOC—में अलग-अलग देशों के प्रतिनिधियों की भूमिका निभाते हुए गंभीर एवं शोधपरक चर्चा की। सम्मेलन का केंद्र बिंदु कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI), युद्ध, स्वास्थ्य, पर्यावरण और वैश्विक अर्थव्यवस्था जैसे ज्वलंत विषय रहे।
UNSC में स्वायत्त हथियारों के माध्यम से युद्ध में निर्णय लेने की प्रक्रिया से जुड़े संभावित खतरों पर बहस हुई, जबकि WHO में संघर्ष के दौरान स्वास्थ्यकर्मियों और चिकित्सा ढांचे की सुरक्षा पर मंथन किया गया। UNEP में AI आधारित सैन्य तकनीक के पर्यावरणीय प्रभाव और युद्ध में इसकी संभावित भूमिका पर विचार रखे गए। ECOSOC में अर्थव्यवस्था, रोजगार, समाज पर AI के प्रभाव, तकनीक के नियमन और समावेशी डिजिटल विकास जैसे मुद्दे चर्चा के केंद्र में रहे।
सम्मेलन के दौरान ‘खेल-खेल में पहचानो, अपनी बात कहने की ताकत’ विषय पर ओपन माइक सत्र भी आयोजित हुआ, जिसमें विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक अपनी अभिव्यक्ति क्षमता का प्रदर्शन किया।
समापन समारोह में मुख्य अतिथि डॉ. माधुरी सिंह, पूर्व डीजीसी सिविल तथा विभिन्न विद्यालयों के प्रधानाचार्य उपस्थित रहे। उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को समिति-वार पुरस्कार प्रदान किए गए। प्रत्येक समिति से तीन उत्कृष्ट छात्र प्रतिनिधियों का चयन कर सम्मानित किया गया। सम्मेलन में शामिल सभी विद्यार्थियों को प्रमाण-पत्र एवं स्मृति-चिह्न प्रदान किए गए।

डॉ. माधुरी सिंह ने विद्यार्थियों के प्रयासों की सराहना करते हुए AI के दौर में तकनीक का जिम्मेदारी और सकारात्मक दृष्टिकोण के साथ उपयोग करने का संदेश दिया। विद्यालय की डायरेक्टर चंचल सक्सेना ने कहा कि MUN जैसे मंच विद्यार्थियों में नेतृत्व, तार्किक सोच, संवाद और निर्णय क्षमता विकसित करते हैं। प्रधानाचार्या भारती तिवारी ने कहा कि ऐसे आयोजन विद्यार्थियों को वैश्विक मुद्दों को समझने और जिम्मेदार नागरिक बनने का अवसर देते हैं।
कार्यक्रम में गीता मित्तल, रीता जैन, प्रियंका सचदेवा, पूजा अग्रवाल, आशु सेठ, रीतू सैनी सहित विद्यालय के शिक्षकगण एवं गणमान्य अतिथि मौजूद रहे।
