parliament-internship-harivans

नई दिल्ली, 11 मई । राज्यसभा के उपसभापति हरिवंश ने सोमवार को कहा कि डिजिटल दौर में पत्रकारिता में तेजी महत्वपूर्ण है, लेकिन यह सटीकता की कीमत पर नहीं होनी चाहिए। उन्होंने युवा पत्रकारों से मूल्य आधारित और विश्वसनीय पत्रकारिता को मजबूत करने का आह्वान किया।

संसद भवन परिसर में राज्यसभा टीवी इंटर्नशिप कार्यक्रम का उद्घाटन करते हुए हरिवंश ने कहा कि किसी भी पत्रकार के लिए संसदीय साक्षरता उतनी ही आवश्यक है जितनी पेशेवर दक्षता। उन्होंने कहा कि संसद वह स्थान है जहां राष्ट्र का इतिहास लिखा जाता है और इसकी सही रिपोर्टिंग के लिए संवैधानिक ढांचे, नियम पुस्तिकाओं तथा संसदीय परंपराओं की गहरी समझ जरूरी है।

उन्होंने प्रशिक्षुओं से संसद टीवी को विश्वसनीय सूचना का मानक बनाने का आग्रह करते हुए कहा कि डिजिटल मीडिया के दौर में गति बढ़ी है, लेकिन पत्रकारिता की विश्वसनीयता और तथ्यात्मक सटीकता सर्वोपरि रहनी चाहिए।

उपसभापति ने कहा कि युवा पत्रकार जटिल विधायी प्रक्रियाओं और आम नागरिक की आकांक्षाओं के बीच सेतु का काम कर सकते हैं। उन्होंने प्रशिक्षुओं को युवाओं से जुड़ने वाले नए और प्रभावी कहानी कहने के प्रारूप विकसित करने के लिए प्रोत्साहित किया।

हरिवंश ने कहा कि संसद परिसर में काम करने वालों की विशेष नैतिक जिम्मेदारी होती है। उन्होंने प्रशिक्षुओं से अनुशासन और समर्पण के मूल्यों को आत्मसात करने का आह्वान करते हुए कहा कि वे केवल सामग्री निर्माता नहीं, बल्कि जनता के जानने के अधिकार के संरक्षक भी हैं।

उन्होंने कहा कि मीडिया और शासन व्यवस्था लगातार बदल रही है, इसलिए सफल पेशेवर वही है जो जीवनभर सीखने की जिज्ञासा बनाए रखे।

इस अवसर पर राज्यसभा के महासचिव पीसी मोदी, संसद टीवी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी अमित खरे और भारतीय जनसंचार संस्थान (आईआईएमसी) की कुलपति प्रो. प्रज्ञा पालीवाल गौड़ सहित 19 चयनित प्रशिक्षु और वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।

———–

By editor

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Verified by MonsterInsights