नीरज प्रजापति
सीएमएस पद पर नई तैनाती से अस्पताल की व्यवस्थाओं को पटरी पर लाने की उम्मीद, चिकित्सकों की कमी और मरीजों को बेहतर उपचार उपलब्ध कराना होगी नई मुखिया की बड़ी कसौटी।
मुजफ्फरनगर। स्वामी कल्याण देव जिला चिकित्सालय की प्रशासनिक कमान अब डॉ. भुजवीर सिंह के हाथों में आ गई है। डॉ. भुजवीर सिंह ने अस्पताल के नए मुख्य चिकित्सा अधीक्षक (सीएमएस) के रूप में कार्यभार संभाल लिया है। स्वास्थ्य विभाग में हुए प्रशासनिक फेरबदल के बाद मिली इस नई जिम्मेदारी को जिला अस्पताल की व्यवस्थाओं के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। उनके सामने सबसे बड़ी चुनौती अस्पताल की चिकित्सा सेवाओं को व्यवस्थित रखने और मरीजों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने की होगी। जिला अस्पताल में सीएमएस डॉ. संजय वर्मा का स्थानांतरण गोरखपुर होने के बाद यह पद रिक्त हुआ था। वरिष्ठता के आधार पर डॉ. भुजवीर सिंह को यह जिम्मेदारी सौंपी गई। इससे पहले वह जिला चिकित्सालय में वरिष्ठ परामर्शदाता रेडियोलॉजिस्ट के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे थे। महिला अस्पताल के रेडियोलॉजी विभाग की जिम्मेदारी के साथ शामली में भी उनकी सेवाएं जुड़ी रही हैं। डॉ. भुजवीर सिंह के सामने यह जिम्मेदारी ऐसे समय आई है, जब जिला अस्पताल में चिकित्सकों की उपलब्धता को लेकर कई चुनौतियां सामने हैं। पूर्व सीएमएस डॉ. संजय वर्मा के स्थानांतरण के साथ ही वरिष्ठ रेडियोलॉजिस्ट डॉ. संजीव गुप्ता का भी बरेली स्थानांतरण हुआ है। ऐसे में अस्पताल की रेडियोलॉजी सेवाओं और अन्य चिकित्सा व्यवस्थाओं पर अतिरिक्त दबाव पड़ने की आशंका है। जिला अस्पताल में प्रतिदिन बड़ी संख्या में मरीज उपचार के लिए पहुंचते हैं। ऐसे में नए सीएमएस से मरीजों को सुचारु उपचार, चिकित्सकों की उपलब्धता, समयबद्ध जांच, साफ-सफाई और अस्पताल के प्रशासनिक कामकाज में बेहतर समन्वय की अपेक्षा रहेगी। डॉ. भुजवीर सिंह नई जिम्मेदारी संभालने के बाद अस्पताल की व्यवस्थाओं को किस तरह गति देते हैं। उनके सामने केवल प्रशासनिक जिम्मेदारी निभाने की चुनौती नहीं, बल्कि मरीजों के भरोसे पर खरा उतरने की भी बड़ी परीक्षा है।
