केरल की राजनीति में आज एक नया अध्याय जुड़ने जा रहा है। राज्य में करीब एक दशक (10 साल) के वामपंथी शासन का अंत करते हुए आज कांग्रेस के नेतृत्व वाला संयुक्त लोकतांत्रिक मोर्चा (UDF) सत्ता संभालने जा रहा है। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता वी डी सतीशन के नेतृत्व में 21 सदस्यीय यूडीएफ मंत्रिमंडल सुबह 10 बजे राज्य की राजधानी तिरुवनंतपुरम में पद और गोपनीयता की शपथ लेगा। शपथ ग्रहण समारोह के लिए तिरुवनंतपुरम के सेंट्रल स्टेडियम में सुरक्षा और सुविधाओं के कड़े इंतजाम किए गए हैं।
सेंट्रल स्टेडियम में तैयारियां पूरी हो चुकी हैं, जहां शपथ ग्रहण समारोह के लिए एक विशाल मंच तैयार किया गया है। स्टेडियम में शपथग्रहण के दौरान हजारों पार्टी कार्यकर्ता, राजनीतिक हस्तियों एवं स्थानीय गणमान्य व्यक्तियों के लिए बैठने की व्यवस्था की गई है। साथ ही इस दौरान बारिश से बचाव के इंतजाम भी किए गए हैं। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और पार्टी के शीर्ष नेता राहुल गांधी और प्रियंका गांधी वाद्रा समेत अन्य लोग शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होंगे।
कर्नाटक और तेलंगाना के बाद हाल के समय में केरल, दक्षिण में कांग्रेस शासित तीसरा राज्य बन गया है। सोमवार सुबह होने वाले इस कार्यक्रम के लिए तिरुवनंतपुरम में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की गई है। बड़ी संख्या में अति विशिष्ट व्यक्तियों (वीआईपी) और यूडीएफ समर्थकों के तिरुवनंतपुरम आने के मद्देनजर यातायात की विशेष व्यवस्था भी की गई है। राजधानी में सुबह सात बजे से शाम चार बजे तक यातायात और पार्किंग नियम लागू हैं।
एलडीएफ को बेदखल कर यूडीएफ की शानदार वापसी
हाल ही में संपन्न हुए केरल विधानसभा चुनाव में कांग्रेस के नेतृत्व वाले यूडीएफ (UDF) गठबंधन ने निर्णायक और ऐतिहासिक जीत हासिल की थी। इस जीत के साथ ही यूडीएफ ने मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) के नेतृत्व वाले वाम लोकतांत्रिक मोर्चे (LDF) को सत्ता से बेदखल कर दिया, जो पिछले दो कार्यकालों से राज्य की सत्ता पर काबिज था।
