मुजफ्फरनगर। बुढ़ाना के डीएवी पीजी कॉलेज में फीस विवाद के बाद आत्मदाह का प्रयास करने वाले छात्र उज्जवल राणा का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। शनिवार को कॉलेज परिसर में घटी इस घटना ने जिलेभर में आक्रोश का माहौल बना दिया है। रविवार को राष्ट्रीय लोकदल के वरिष्ठ नेताओं ने मामले में हस्तक्षेप करते हुए पीड़ित छात्र और उसके परिवार को हरसंभव सहायता का भरोसा दिलाया।प्राप्त जानकारी के अनुसार, उज्जवल राणा, जो बीए द्वितीय वर्ष का छात्र है, परीक्षा फॉर्म जमा कराने कॉलेज पहुंचा था। आरोप है कि फीस को लेकर हुए विवाद में कॉलेज प्राचार्य से उसकी तीखी नोकझोंक हुई, जिसके बाद छात्र ने आक्रोश में आत्मदाह का प्रयास कर लिया। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई और छात्र को गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसकी स्थिति अब भी चिंताजनक बनी हुई है।
इस बीच, कॉलेज प्राचार्य ने भी पुलिस को तहरीर देकर छात्र और कुछ अन्य युवकों पर माहौल बिगाड़ने और उकसाने के आरोप लगाए हैं। उन्होंने दावा किया कि छात्र ने पूरी फीस नहीं दी थी और कुछ लोगों के बहकावे में आकर वीडियो बनाकर वायरल किया गया।रविवार को पीडब्ल्यूडी डाक बंगले पर रालोद नेताओं ने जिलाधिकारी और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक से मुलाकात कर निष्पक्ष जांच की मांग की। कैबिनेट मंत्री अनिल कुमार ने कहा कि छात्र के साथ हुई अभद्रता की हर स्तर पर जांच होनी चाहिए। उन्होंने प्रशासन को निर्देश दिए कि पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने में कोई ढिलाई न बरती जाए।सूत्रों के अनुसार, रालोद के राष्ट्रीय अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री जयंत चौधरी ने भी इस घटना का संज्ञान लिया है और जल्द ही पीड़ित छात्र से मिलने अस्पताल पहुंच सकते हैं। पार्टी के नेताओं ने कहा कि छात्र के साथ हुए अन्याय पर सख्त कार्रवाई तक आंदोलन जारी रहेगा।
