मामला 14 सितंबर 2019 का है, जब कोतवाली कोंच में किशोरी के पिता ने धारा 363, 366 भादवि एवं 7/8 पॉक्सो एक्ट के तहत अभियोग पंजीकृत कराया था। पुलिस ने गंभीरता दिखाते हुए घटना के 10 दिन के भीतर विवेचना पूरी कर आरोप पत्र न्यायालय को भेजा। वहीं, 15 सितंबर 2019 को अभियुक्त को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया था। लगभग छह वर्षों तक चले इस मुकदमे में कोंच पुलिस, अभियोजन पक्ष के शासकीय अधिवक्ता रणकेंद्र सिंह भदौरिया और कोर्ट पैरोकार के अथक प्रयास और प्रभावी पैरवी का परिणाम यह रहा कि न्यायालय ने पीडि़ता को न्याय दिलाने के लिए सख्त फैसला सुनाया। 22 सितंबर 2025 को उरई स्थित एडीजे पॉक्सो कोर्ट के न्यायाधीश मोहम्मद कमर ने अभियुक्त कृष्णरवीर राठौर को दोषी करार देते हुए सात वर्ष का सश्रम कारावास की सजा सुनाई है और 20 हजार रुपए का जुर्माना लगाया है।
