बता दें कि तहसील फतेहपुर विद्युत केंद्र से एक मामला प्रकाश में आया है। जहां नंदऊपारा गांव निवासी बंसीलाल पुत्र स्वर्गीय मंगरे यादव ने मुख्यमंत्री जनसुनवाई पोर्टल पर शिकायत कर आरोप लगाया है कि उनका एक किलोवाट का घरेलू कनेक्शन है। उन्होंने बीते 12 माह पूर्व ओटीएस के माध्यम से अपना लगभग पूरा विद्युत बिल जमा किया था, जिसके ठीक बारह महीने बाद उन्हें विभाग ने दोबारा छियानवे हजार नौ सौ छः रुपए का बिल थमा दिया जिससे किसान उपभोक्ता के साथ समूचा परिवार सकते में है। ऐसे में एक बात तो साफ है कि कहीं न कहीं विद्युत विभाग के अधिकारी और कर्मचारी उपभोक्ताओं को परेशान करने पर अमादा हैं और विद्युत उपभोक्ताओं की समस्या कोई सुनने वाला नहीं है। उक्त मामले पर जब हमारे संवादाता ने विद्युत उपखण्ड अधिकारी तहसील फतेहपुर से बात करने की कोशिश की तो उन्होंने फोन उठाना तक मुनासिब नहीं समझा जिससे उनका पक्ष नहीं जाना जा सका। फिलहाल उपभोक्ता दर- दर भटकने को मजबूर है।
