Category: उत्तर प्रदेश

यूपी में फ्री बिजली योजना को लेकर बड़ा अपडेट आया सामने, उपभोक्ताओं के लिए राहत!

उत्तर प्रदेश राज्य विद्युत उपभोक्ता परिषद ने प्रदेश में संचालित फ्री बिजली योजना की अनिवार्य शर्तों को सरल बनाने की मांग दोहराते हुए विधानसभा में ऊर्जा मंत्री के बयान का…

यूपी चुनाव से पहले गरमाई सियासत, अखिलेश, बोले- संविधान को कमजोर करना चाहती है BJP

समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने आरोप लगाया है कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) संविधान को खत्म करना चाहती है और उसे लोकतंत्र, धर्मनिरपेक्षता व समाजवाद से चिढ़…

केंचुली कांड: प्रेमी संग फरार हुई ‘नागिन’ का यू-टर्न, कोर्ट में कहा- ‘होश नहीं था कैसे भाग गई, अब माता-पिता के साथ रहूंगी’

उत्तर प्रदेश के औरैया जिले का वह चर्चित मामला, जिसने ‘इच्छाधारी नागिन’ की अफवाहों से पूरे प्रदेश में सुर्खियां बटोरी थीं, अब एक नए और चौंकाने वाले मोड़ पर आकर…

मिशन 2027 की बिसात: लखनऊ में योगी-भागवत की 40 मिनट की ‘महामुलाकात’, UP में होने वाला है कोई बड़ा सियासी उलटफेर?

उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में बीते बुधवार शाम को एक बड़ी राजनीतिक सरगर्मी देखी गई। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के सरसंघचालक मोहन भागवत से निराला…

अफगानिस्तान में तालिबान के सर्वोच्च नेता हिबतुल्लाह अखुंदजादा ने 90 पन्नों के एक नए ‘दंड संहिता कानून’ पर मुहर लगाकर दुनिया को चौंका दिया है। Taliban द्वारा लागू की गई अफगानिस्तान में 90 पन्नों की नई दंड संहिता ने देश में महिलाओं के अधिकारों और न्याय व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। संगठन के सर्वोच्च नेता Hibatullah Akhundzada द्वारा हस्ताक्षरित इस कानून के तहत पतियों को अपनी पत्नी और बच्चों को “अनुशासन” के नाम पर शारीरिक दंड देने की अनुमति दी गई है, बशर्ते चोट इतनी गंभीर न हो कि हड्डी टूटे या फिर गहरी चोट न लगे। PunjabKesari इस नए कानून के लागू होते ही वर्ष 2009 में लागू महिलाओं के खिलाफ हिंसा उन्मूलन कानून (EVAW) को समाप्त कर दिया गया है, जिसे पूर्व सरकार ने अंतरराष्ट्रीय समर्थन के साथ लागू किया था। नई व्यवस्था के अनुसार यदि पति द्वारा दी गई सजा से गंभीर चोट या फ्रैक्चर होता है तो अधिकतम 15 दिन की सजा का प्रावधान है, लेकिन यह तभी संभव है जब पीड़ित महिला अदालत में हिंसा को साबित कर सके। अदालत में पेशी के दौरान महिला को पूर्ण रूप से ढंका होना होगा और अपने घाव न्यायाधीश को दिखाने होंगे। साथ ही, उसके साथ पति या कोई पुरुष अभिभावक की उपस्थिति अनिवार्य होगी। पत्नी पति की अनुमति के बिना रिश्तेदारों से मिलने गई तीन महीने तक की जेल कानून महिलाओं की स्वतंत्र आवाजाही पर भी अंकुश लगाता है। विवाहित महिला यदि पति की अनुमति के बिना रिश्तेदारों से मिलने जाती है तो उसे तीन महीने तक की जेल हो सकती है। इस प्रावधान को महिला अधिकार कार्यकर्ता व्यक्तिगत स्वतंत्रता पर सीधा हमला मान रहे हैं। PunjabKesari और ये भी पढ़े तालिबान का नया कानून… ‘हड्डी न टूटे तो मारपीट जायज’ – महिलाओं के अधिकारों पर बड़ा हमला तालिबान का नया कानून… ‘हड्डी न टूटे तो मारपीट जायज’ – महिलाओं के अधिकारों पर बड़ा हमला नए PM तारिक रहमान का हला सख्त संदेश, “किसी भी कीमत पर कानून-व्यवस्था बनाए रखनी होगी” नए PM तारिक रहमान का हला सख्त संदेश, “किसी भी कीमत पर कानून-व्यवस्था बनाए रखनी होगी” अफगानिस्तानः काबुल में घर के अंदर विस्फोट, कम से कम 8 लोगों की मौत अफगानिस्तानः काबुल में घर के अंदर विस्फोट, कम से कम 8 लोगों की मौत नई दंड संहिता का अनुच्छेद 9 अफगान समाज को चार श्रेणियों—उलेमा, अभिजात वर्ग, मध्यम वर्ग और निम्न वर्ग—में विभाजित करता है। सजा का निर्धारण अपराध की गंभीरता से अधिक आरोपी की सामाजिक स्थिति के आधार पर किया जाएगा। धार्मिक विद्वान द्वारा अपराध किए जाने पर केवल सलाह दी जाएगी, जबकि अभिजात वर्ग को अदालत में बुलाकर चेतावनी दी जाएगी। मध्यम वर्ग को कारावास और निम्न वर्ग को जेल के साथ शारीरिक दंड तक दिया जा सकता है। गंभीर अपराधों में शारीरिक दंड इस्लामी धर्मगुरुओं द्वारा दिया जाएगा। The Independent की रिपोर्ट के अनुसार मानवाधिकार संगठनों का कहना है कि इस कानून के विरोध में बोलने से लोग डर रहे हैं। तालिबान ने एक आदेश जारी कर कानून पर सार्वजनिक चर्चा को भी अपराध की श्रेणी में डाल दिया है, जिससे असहमति की आवाजें और सीमित हो गई हैं। PunjabKesari निर्वासन में कार्यरत अफगान मानवाधिकार संगठन रावदारी ने United Nations और अन्य अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं से अपील की है कि वे इस दंड प्रक्रिया संहिता के अमल को रोकने के लिए तत्काल कदम उठाएं। महिलाओं और लड़कियों के खिलाफ हिंसा पर संयुक्त राष्ट्र की विशेष रिपोर्टर Reem Alsalem ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर कहा कि यह कानून महिलाओं और लड़कियों के जीवन पर गहरा और दीर्घकालिक प्रभाव डालेगा। उन्होंने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से सवाल किया कि क्या वे इस स्थिति में हस्तक्षेप करने के लिए तैयार हैं। नई दंड संहिता के लागू होने के साथ ही अफगानिस्तान में मानवाधिकारों की स्थिति को लेकर वैश्विक चिंता और बढ़ गई है। विशेषज्ञों का मानना है कि यह कानून देश में लैंगिक समानता और न्याय के सिद्धांतों को गंभीर रूप से प्रभावित कर सकता है।

संगम नगरी में माफिया अतीक अहमद के गैंग ‘IS-227’ का वर्चस्व भले ही खत्म हो गया हो, लेकिन प्रशासन अब उसकी जड़ों को उखाड़ने में जुटा है। जिला प्रशासन ने…

रफ्तार का कहर: भाई की कार लेकर निकले थे 4 दोस्त, नहर में पलटी गाड़ी; उजड़ गए हंसते-खेलते परिवार

उत्तर प्रदेश के मथुरा जिले से एक बेहद दुखद खबर सामने आई है। जहां थाना मगोर्रा इलाके के नगला दैवीया के पास एक तेज रफ्तार अनियंत्रित कार नहर में गिर…

मन्नत पूरी हुई तो बुर्के में उठाई कांवड़, अब मिल रही जान से मारने की धमकियां; संभल की तमन्ना पति के साथ पहुंचीं थाने

उत्तर प्रदेश के संभल जिले में आस्था और व्यक्तिगत पसंद की एक अनोखी मिसाल पेश करने वाली तमन्ना मलिक अब कट्टरपंथियों के निशाने पर हैं। महाशिवरात्रि के पावन पर्व पर…

‘यादव जी की लव स्टोरी’ पर भारी बवाल: रिलीज से पहले ही पूरी टीम पर FIR, क्या जनता की अदालत में रुक जाएगी फिल्म?

27 फरवरी को सिनेमाघरों में दस्तक देने वाली फिल्म ‘यादव जी की लव स्टोरी’ कानूनी और सामाजिक झमेले में बुरी तरह फंस गई है। फिल्म के कंटेंट को लेकर बढ़ते…

बेरोजगारी में दिया साथ, शिक्षक बनते ही बन गया जल्लाद; शिक्षामित्र के चक्कर में पत्नी को करंट से उतारा मौत के घाट!

उत्तर प्रदेश के अमेठी जिले से एक रूह कंपा देने वाली वारदात सामने आई है। जहां एक शिक्षक पर अपनी ही पत्नी की करंट लगाकर हत्या करने का गंभीर आरोप…

पकड़ा गया मुन्नाभाई: अली अब्बास बनकर पेपर दे रहा था अमित, बोर्ड परीक्षा में ऐसे खुली फर्जीवाड़े की पोल

उत्तर प्रदेश बोर्ड की हाईस्कूल की परीक्षाओं में सुरक्षा के दावों के बीच फर्जीवाड़े का एक मामला सामने आया है। कौशांबी जिले के सैनी थाना क्षेत्र में एक युवक को…

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