बैठक में निर्यातकों द्वारा अपने-अपने जनपदों से देश-विदेश में हो रहे निर्यात को प्रोत्साहित करने के सम्बन्ध में अपने सुझाव मंडलायुक्त मुरादाबाद के साथ साझा किए गए। जनपद मुरादाबाद के निर्यातकों ने बताया कि नए ऑर्डर मिलने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है, इससे जनपद में रोजगार पर भी नकारात्मक असर पड़ रहा है। इसके साथ ही निर्यातकों द्वारा इनकम टैक्स सब्सिडी, कच्चा माल खरीदने में 10 प्रतिशत सब्सिडी और फेयर सब्सिडी में बढ़ोत्तरी कराए जाने का आग्रह भी किया गया।
निर्यातकों ने बताया कि अन्य विभागों से अधिकारी फैक्ट्रियों का सर्वे करने आते हैं जिनसे इकाईयों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है साथ ही उनके द्वारा यह अनुरोध किया गया कि डीआईसी को सिंगल विंडो के माध्यम से एवं डीआईसी से अनुमति प्राप्त करने के उपरान्त ही सर्वे आदि कराया जाना उचित होगा। इसके साथ ही जनपद बिजनौर के डिवीजनल चैयरमैन आईआईए द्वारा प्रदेश में विगत कई वर्षों से कार्यरत सैकड़ों गुड़ एवं खंडसारी औद्योगिक इकाईयों के हित में उत्तर प्रदेश खाद्य प्रसंस्करण उद्योग नीति- 2023 का प्रभावी क्रियान्वयन कराकर इन इकाईयों को मण्डी शुल्क एवं विकास शुल्क की देयता से मुक्त रखने हेतु एवं उद्योग को मण्डी शुल्क के बोझ से राहत देने हेतु पैराई सत्र 2023-24 व 2024-25 की लंबित समाधान योजना को लागू कराने का अनुरोध किया गया।
