उत्तर प्रदेश के संभल में पुलिस ने हिंसा के मास्टर माइंड दुबई में बैठे गैंगस्टर शारिक साठा के गुर्गे मोहम्मद गुलाम को गिरफ्तार किया गया है, जो उपद्रवियों को हथियार सप्लाई कर रहा था. गुलाम के पास से विदेशी हथियार और दुबई से जुड़े सबूत मिले हैं.
संभल कोतवाली पुलिस ने 24 नवंबर को संभल में हुए बवाल में शामिल आरोपी गुलाम निवासी मोहल्ला दीपा सराय को गिरफ्तार कर लिया है. पुलिस ने इसे संभल रोडवेज बस अड्डे के पास से पकड़ा है. इसके पास से विदेशी कारतूस समेत कई हथियार बरामद हुए हैं. पूछताछ के बाद आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया जहां से उसे जेल भेज दिया गया.
संभल हिसा मामले में मोहम्मद गुलाम गिरफ्तार
इस पूरे मामले का संभल के एसपी कृष्ण कुमार बिश्नोई ने खुलासा करते हुए बताया कि 24 नवंबर को जामा मस्जिद के सर्वे के दौरान हुए बवाल में हिंसक भीड़ ने पुलिस और सर्वे टीम पर जान से मारने की नीयत से फायरिंग कर आगजनी और पत्थरबाजी की थी. इसमें गुलाम भी शामिल था. गुलाम ने पूछताछ में बताया कि वह शारिक साटा के साथ हथियारों की सप्लाई और चोरी की गाड़ियों की खरीद-फरोख्त करता है. कुछ समय से काम नहीं चलने पर बॉस ने प्लान बताया कि जामा मस्जिद के सर्वे के दौरान वकील और पुलिस पर फायरिंग कर जान से मार देना है. जिससे शहर में दंगा भड़क जाए और हमारा व्यापार फिर से शुरू हो जाए.
एसपी ने कहा कि इसके लिए शारिक साटा ने अवैध असलाह, पिस्टल, तमंचा और विदेशी कारतूस आदि उपलब्ध कराए. यह मुल्ला अफरोज के माध्यम से अपनी बिरादरी के लोगों में बांट दिए. सर्वे के दौरान जब बवाल हुआ और पुलिस ने आंसू गैस के गोले छोड़े तो हमारे लोगों द्वारा चलाई गई गोली भीड़ में शामिल लोगों को लगी, जिससे चार लोगों की मौत हो गई थी. पुलिस ने जब मुल्ला अफरोज को पकड़ लिया था तो बचे असलाह और कारतूस छुपा दिए थे. जिसे पुलिस ने बरामद कर लिया है.
गिरफ्तार आरोपी गुलाम को न्यायालय पेश किया गया जहां से उसे जेल भेज दिया गया है. पुलिस अब तक 79 आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है. पुलिस को जांच में पता चला है कि हिंसा को सुनियोजित तरीके से अंजाम दिया गया था.