नए साल का जश्न मनाने के लिए देश-विदेश से लाखों की भीड़ काशी में उमड़ी थी। इस भीड़ को नियंत्रित तरीके से संचालित करना प्रशासन के लिए चुनौतीपूर्ण था। इसी भीड़ नियंत्रण के लिए पुलिस ने शहर के कई जगहों पर ट्रैफिक डायवर्जन से लेकर वन-वे जैसे कदम उठाए थे, लेकिन इसी डायवर्जन का पालन करना एक दरोगा को भारी पड़ गया, तो एक अन्य घटना में देर रात हुड़दंगियों से डीजे बजाने को लेकर मना करने पर एक एलआईयू कॉन्स्टेबल को मनबढ़ युवाओं ने पीट दिया।

घटना मणिकर्णिका घाट के पास हुई, तो दूसरी घटना लंका थाने के सीर क्षेत्र में हुई। मणिकर्णिका घाट पर हुकुलगंज के पार्षद बेटे को दूसरी तरफ से जाने पर कहने पर दरोगा को पार्षद बेटे ने अपशब्द कहे, इस मामले में चौक थाने में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।

चौकी प्रभारी ने कहा- भीड़ है इधर से मत जाइए, पार्षद पुत्र ने दी गाली

घटना गुरुवार शाम की है। चौक थाने के ब्रह्मनाल चौकी प्रभारी मणिकर्णिका घाट पर भीड़ बढ़ जाने की वजह से ट्रैफिक डायवर्ट करा रहे थे। इसी बीच हुकुलगंज वार्ड पार्षद ब्रजेश श्रीवास्तव के बेटे हिमांशु श्रीवास्तव अपने दो साथियों के साथ बाइक से मणिकर्णिका घाट परिचित के अंतिम संस्कार के लिए पहुंचे। मणिकर्णिका घाट पर भीड़ ज्यादा होने की वजह से घाट की तरफ बाइक ले जाने पर स्थानीय पुलिस ने मना कर रखा था, ताकि पैदल चलने वालों और अंतिम संस्कार कराने आए लोगों को दिक्कत न हो। इसी का हवाला देते हुए चौकी प्रभारी ने पार्षद पुत्र को मना किया। मना करने पर पार्षद पुत्र नाराज़ होते हुए चौकी प्रभारी को मां-बहन की गालियां देते हुए उलझ गए और धक्का-मुक्की करने लगे। इसी घटनाक्रम में पार्षद पुत्र और उनके साथियों ने चौकी प्रभारी पर हमला कर दिया। इस मामले में चौकी प्रभारी की तरफ से मुकदमा दर्ज करा कर पार्षद पुत्र को हिरासत में ले लिया।

डीजे बजाने पर मना किया तो एलआईयू कॉन्स्टेबल को पीटा

बुधवार की देर रात नए साल को लेकर शहर के कई इलाकों में तेज आवाज पर डीजे बजाया जा रहा था। इसी बीच अपनी ड्यूटी पूरी कर क्षेत्रीय एलआईयू कॉन्स्टेबल रणधीर गुप्ता देर रात अपने आवास जा रहे थे। लंका थाने के सुभाष नगर कॉलोनी में ही रणधीर गुप्ता किराए के मकान में रहते हैं। घर के पास ही तेज आवाज में नशे में धुत दर्ज़नों युवक डीजे बजा कर नए साल का जश्न मना रहे थे। एलआईयू कॉन्स्टेबल रणधीर ने हुड़दंग कर रहे युवकों से देर रात का हवाला देते हुए डीजे की आवाज को कम करने की रिक्वेस्ट की, लेकिन जश्न में मगन नशे में धुत युवकों को ये पसंद नहीं आया और रणधीर गुप्ता को दौड़ा-दौड़ा कर मारा। किसी तरह भाग कर रणधीर गुप्ता ने अपनी जान बचाई। इस घटना में कॉन्स्टेबल रणधीर को नाक पर गंभीर चोट भी आई और देर रात 3 बजे ट्रॉमा सेंटर में अपना इलाज कर सहकर्मियों के साथ वापस घर लौट पाए। इस मामले में लंका पुलिस मामले की जांच कर आगे के विधिक कार्रवाई की तैयारी कर रही है।

By admin

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Verified by MonsterInsights