भोपाल में अपने ससुराल में संदिग्ध परिस्थितियों में मृत पाई गई नोएडा की रहने वाली 33 वर्षीय ट्विशा शर्मा के मामले में एक नया और चौंकाने वाला मोड़ आ गया है। इस हाई-प्रोफाइल मामले में आरोपी और ट्विशा की सास, रिटायर्ड जज गिरिबाला सिंह ने सोमवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस कर दिवंगत बहू के माता-पिता पर बेहद गंभीर आरोप लगाए हैं। गिरिबाला सिंह का दावा है कि ट्विशा के माता-पिता ने ही उसे बहुत कम उम्र में ग्लैमर की दुनिया में धकेला था और उसकी खूबसूरती व पब्लिक इमेज का इस्तेमाल कर हमेशा आर्थिक फायदा उठाया।

“वह परिवार के लिए कमाई का जरिया थी”- पूर्व जज

प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए रिटायर्ड जज गिरिबाला सिंह ने आरोप लगाया कि उनकी दिवंगत बहू के माता-पिता “उसकी खूबसूरती और हर चीज से पैसे कमा रहे थे।” उन्होंने आगे कहा: “वह अपने मायके वालों के लिए कमाई का जरिया थी। उसकी मौत के बाद भी वे अब इस दुखद स्थिति का फायदा उठाकर और पैसे कमाने की कोशिश कर रहे हैं। जो कुछ भी हुआ वह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है, लेकिन मामला अभी अदालत के विचाराधीन है।” गिरिबाला सिंह ने यह भी दावा किया कि ट्विशा खुद उनसे कहती थी कि उसके परिवार ने उसे बहुत कम उम्र में ही इस चकाचौंध वाली दुनिया में धकेल दिया था। उन्होंने कहा कि उनके और ट्विशा के परिवार के बीच काफी अंतर था, इसके बावजूद उन्होंने अपने बेटे समर्थ सिंह के साथ यह शादी करवाई थी।

33 साल की ट्विशा 12 मई को भोपाल स्थित अपने घर की छत पर एक रॉड से लटकी हुई मिली थी। 2024 में एक डेटिंग ऐप के ज़रिए मुलाक़ात होने के बाद, दिसंबर 2025 में उसकी शादी समर्थ सिंह से हुई थी।

ट्विशा के परिवार ने आरोप लगाया है कि उसकी हत्या की गई है और उसके ससुराल वाले उसे मानसिक रूप से परेशान करते थे तथा दहेज की मांग करते थे। अपनी बात को दोहराते हुए, गिरिबाला सिंह ने यह भी दावा किया कि ट्विशा ने बताया था कि उसके परिवार ने उसे बहुत कम उम्र में ही ग्लैमर की दुनिया में धकेल दिया था। उन्होंने कहा, “ट्विशा कहती थी कि उसके परिवार ने उसे बहुत कम उम्र में ही ग्लैमर की दुनिया में धकेल दिया था। उसके परिवार और हमारे परिवार के बीच काफ़ी अंतर था, फिर भी हमने यह शादी करवाई।”

रिटायर्ड जज ने ट्विशा के पिता के रवैये पर भी सवाल उठाए और उनके व्यवहार को “अजीब” बताया। उन्होंने आरोप लगाया, “पांच महीनों तक, उसके माता-पिता एक बार भी मिलने नहीं आए। हमने जान-बूझकर उसके पिता को नहीं बुलाया; उनकी पर्सनैलिटी बहुत अजीब थी। लगभग 20 सालों से वे फ़ार्मास्यूटिकल इंडस्ट्री में काम कर रहे हैं—खासकर कज़ाकिस्तान और उज़्बेकिस्तान में, हो सकता है कि कई चीज़ों का ज़रिया वही हों।”

उसी प्रेस कॉन्फ्रेंस में, गिरिबाला सिंह ने एक और चौंकाने वाला दावा किया। उन्होंने कहा कि ट्विशा, जिसे मार्च में पता चला था कि वह प्रेग्नेंट है, उसने परिवार के बार-बार मना करने के बावजूद गर्भपात की गोलियां खा ली थीं। उन्होंने कहा “किसी भी परिवार के लिए पहला बच्चा बहुत अहम होता है, लेकिन उसने हमें एक पल की भी खुशी नहीं दी। समर्थ कोर्ट में था, जब ट्विशा ने उसे फ़ोन करके बताया कि उसने MTP पिल्स ले ली हैं। उसने 7 मई को ये पिल्स ली थीं,” उसने कहा और आगे दावा किया कि ट्विशा बार-बार ज़ोर देकर कहती थी कि उसे बच्चा नहीं चाहिए।

जैसे-जैसे ट्विशा की मौत का रहस्य गहराता जा रहा है, उसके परिवार द्वारा लगाए गए दहेज उत्पीड़न और हत्या के आरोपों की जांच के लिए छह सदस्यों वाली एक स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) बनाई गई है। इस मामले में समर्थ सिंह और पूर्व जज गिरिबाला सिंह के खिलाफ आरोप दर्ज किए गए हैं। जहां भोपाल की एक कोर्ट ने गिरिबाला सिंह को अग्रिम ज़मानत दे दी है, वहीं समर्थ सिंह की अग्रिम ज़मानत की अर्जी खारिज कर दी गई है, और उसे गिरफ्तार करने की कोशिशें जारी हैं।

By admin

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Verified by MonsterInsights