ओलंपिक चैंपियन नीरज चोपड़ा ने तीन साल में पहले घरेलू टूर्नामेंट में हिस्सा लेते हुए बुधवार को यहां फेडरेशन कप की पुरुषों की भाला फेंक स्पर्धा में धीमी शुरुआत के बाद स्वर्ण पदक जीता।
दोहा डाइमंड लीग में दूसरे स्थान पर रहने के बाद अपनी स्पर्धा से एक दिन पहले यहां पहुंचे 26 साल इस सुपरस्टार को शुरू में थोड़ी परेशानी हुई जिससे वह तीन प्रयास के बाद दूसरे स्थान पर चल रहे थे।
टोक्यो ओलंपिक में स्वर्ण पदक जीतने के बाद पहली बार घरेलू प्रतियोगिता में हिस्सा ले रहे चोपड़ा ने चौथे प्रयास में 82.27 मीटर के साथ बढ़त हासिल की।
चोपड़ा ने अपने अंतिम दो प्रयास (पांचवां और छठा) नहीं किए क्योंकि रजत पदक जीतने वाले डीपी मनु अपने अंतिम थ्रो फेंक चुके थे। चोपड़ा हरियाणा का प्रतिनिधित्व कर रहे थे।
कर्नाटक के मनु 82.06 मीटर के सर्वश्रेष्ठ प्रयास से दूसरे स्थान पर रहे जबकि महाराष्ट्र के उत्तर बालासाहेब पाटिल ने 78.39 मीटर के प्रयास से तीसरा स्थान हासिल किया।
स्थानीय दावेदार और एशियाई खेलों के रजत पदक विजेता किशोर जेना 75.49 मीटर के निराशाजनक प्रदर्शन से पांचवें स्थान पर रहे।
कर्नाटक की एसएस स्नेहा प्रतियोगिता की सबसे तेज महिला धावक बनीं। उन्होंने 11.63 सेकेंड के समय के साथ महिला 100 मीटर दौड़ का खिताब जीता। तमिलनाडु की गिरिधरानी रवि (11.67) और श्रावणी नंदा (11.76) क्रमश: दूसरे और तीसरे स्थान पर रहीं।
पंजाब के गुरिंदरवीर सिंह सबसे तेज पुरुष धावक बने। उन्होंने 10.35 सेकेंड के समय के साथ पुरुष 100 मीटर दौड़ का खिताब अपने नाम किया।
मंगलवार को 200 मीटर में स्वर्ण पदक जीतने वाले ओडिशा के अनिमेष कुजुर 10.50 सेकेंड के साथ दूसरे जबकि पंजाब के हरजीत सिंह 10.56 सेकेड के साथ तीसरे स्थान पर रहे।
