मुरादाबाद में गोमांस पकड़े जाने पर तस्करों को बचाने और मामले को दबाने के आरोप में इंस्पेक्टर समेत 10 पुलिसकर्मियों को सस्पेंड कर दिया गया है। मामला जिले के पाकबड़ा थाने की है। जहां इंस्पेक्टर और उनकी टीम पर आरोप है कि बरामद मांस को चुपके से जमीन में गढ्ढा खोदकर दबा दिया गया। तस्करों की कार को भी कहीं छुपा दिया और तस्करों को छोड़ने के बदले उनसे मोटी डील कर ली। शिकायत मिलने के बाद मुरादाबाद SSP ने तीन सीओ की टीम बनाकर जांच कराई तो सभी आरोप सही पाए गए। सभी के खिलाफ विभागीय जांच भी बैठा दी गई है, बुधवार को जांच शुरू भी हो गई।
मुरादाबाद के SSP सतपाल अंतिल के मुताबिक पाकबड़ा थाना प्रभारी मनोज कुमार समेत 10 पुलिसकर्मियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। निलंबित पुलिस वालों में थाना प्रभारी मनोज कुमार, चौकी प्रभारी (ग्रोथ सेंटर) अनिल कुमार, दरोगा महावीर सिंह, दरोगा (यूपी-112) तस्लीम अहमद, मुख्य आरक्षी बसंत कुमार, धीरेन्द्र कसाना, आरक्षी मोहित, मनीष, राहुल (यूपी-112), आरक्षी चालक (यूपी-112) सोनू सैनी शामिल हैं।
कार में पाया गया मांस
SSP को मंगलवार को शिकायत मिली थी कि सोमवार रात करीब 1:45 बजे, पाकबड़ा थाना क्षेत्र के उमरी सब्जी पुर के जंगल में यूपी डायल 112 की पीआरवी टीम ने एक संदिग्ध होंडा सिटी कार को रोकने की कोशिश की लेकिन कार सवार भाग निकले। पीआरवी की सूचना पर थाना प्रभारी मनोज कुमार और चौकी प्रभारी अनिल तोमर की टीम ने जाकर कार को पकड़ लिया। तलाशी लेने पर कार में मांस पाया गया। आरोप है कि पुलिस को आरोपियों से लेनदेन की मोटी डील कर ली और अधिकारियों को बिना बताए चुपचाप गड्ढा खोदकर मांस को दबवा दिया। कार को थाने लाने की बजाए गुप्त स्थान पर छिपा दिया और आरोपियों को छोड़ दिया।
SSP मुरादाबाद सतपाल अंतिल ने सीओ सिविल लाइंस कुलदीप कुमार गुप्ता, सीओ हाईवे राजेश कुमार और सीओ कटघर आशीष प्रताप सिंह के साथ एसओजी टीम से जांच कराई। पशु चिकित्सक की मौजूदगी में गड्ढे से मांस निकलवाया। नमूने को जांच के लिए भेजा गया। उसके बाद 10 पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया गया। SSP ने एसओजी को तस्करों की तलाश और गिरफ्तारी के लिए लगाया है। FIR भी दर्ज कराई गई है। विभागीय जांच के लिए बुधवार को आरोपी पुलिस वालों को पक्ष रखने को कहा गया है।
