गुरुवार को घरेलू शेयर बाजार की शुरुआत सुस्त रही। शुरुआती कारोबार में BSE Sensex करीब 355 अंकों की गिरावट के साथ 77,200 के आसपास पहुंच गया। वहीं, Nifty 50 भी लगभग 78 अंक फिसलकर 23,900 के करीब आ गया और 24,000 के अहम स्तर के नीचे चला गया। हालांकि, कमजोर शुरुआत के बाद बाजार ने हल्की रिकवरी की कोशिश की, लेकिन दिनभर उतार-चढ़ाव बना रहा, जिससे निवेशकों में सावधानी का माहौल दिखा।
किन शेयरों पर दबाव?
इस दौरान Adani Ports and Special Economic Zone के शेयरों में करीब 2% की गिरावट देखी गई, जिससे बाजार पर अतिरिक्त दबाव पड़ा।
क्यों आई गिरावट?
बाजार में यह कमजोरी एक दिन पहले आई तेजी के बाद देखी गई। बुधवार को बाजार में उछाल आया था, जिसकी वजह कच्चे तेल की कीमतों में नरमी और अमेरिका-ईरान के बीच अस्थायी युद्धविराम था। लेकिन अब पश्चिम एशिया में फिर से तनाव बढ़ने की आशंका-खासकर इजरायल-लेबनान को लेकर-निवेशकों की चिंता बढ़ा रही है।
एक्सपर्ट की राय
Geojit Investments के रणनीतिकार वीके विजयकुमार के मुताबिक, पिछली तेजी वैल्यूएशन और शॉर्ट कवरिंग की वजह से थी। उन्होंने कहा कि RBI की हालिया मौद्रिक नीति उम्मीद के अनुरूप रही और ग्रोथ को लेकर केंद्रीय बैंक का रुख सकारात्मक है।
RBI के अनुसार:
-FY27 में GDP growth: लगभग 6.9%
-Inflation: करीब 4.6%
-Nominal GDP growth: ~11.5%
-Earnings growth की संभावना: करीब 12%
विशेषज्ञों का मानना है कि कच्चे तेल की कीमतें सबसे बड़ा फैक्टर बनी रहेंगी। अगर तेल महंगा होता है, तो बाजार पर दबाव बढ़ सकता है।
