उत्तर प्रदेश फतेहपुर जिले से ऐसी वारदात सामने आई है, जिसे सुनकर रूह कांप जाए… सात जन्मों का वादा करने वाला पति कब खूनी दरिंदे में बदल गया, किसी को पता ही नहीं चला कि मामूली कहासुनी में गुस्सा भड़क जाएगा और अपनी ही पत्नी को बेरहमी से मौत के घाट उतार देगा,,, एक झटके में रिश्तों की डोर टूटी, घर चीखों से भर गया।

रोजी रोटी के सिलसिले में विदेश में रहते हैं बेटे
जानकारी के मुताबिक, खखरेरु थाना क्षेत्र के सड़वापर मजरे ख्वाजगीपुर थोन गांव निवासी रामनारायण पाल गांव में ही अपनी 55 वर्षीय पत्नी लल्ली देवी के साथ रहता था। दंपति के तीन बेटे और तीन बेटियां हैं। इनमें दो बेटे उमेश कुमार पाल और रजनीश कुमार पाल रोजी रोटी के सिलसिले में विदेश में रहते हैं। गांव में एक बेटा दिलीप और बेटियां अनीता देवी, कौशल्या देवी एवं सुशीला रहती हैं। बताया जा रहा है कि सुबह सभी बच्चे बकरियों के लिए जंगल की तरफ पत्तियां तोड़ने चले गए थे।

लहूलुहान अवस्था में जमीन पर पड़ा था शव
मां लल्ली देवी और पिता रामनारायण घर पर थे। जब दोपहर को जंगल से घर लौटे तो दंपति घर पर नही थे। काफी देर घर में इंतजार किया जब वापस नहीं आए तो बच्चों ने तलाश शुरू की। इस दौरान दोपहर करीब 4 बजे घर के बगल में बकरी पालन के लिए बनी कोठरी में देखा तो लल्ली देवी का लहूलुहान शव जमीन पर पड़ा था। वहीं, बगल में खून से सनी कुल्हाड़ी भी पड़ी थी। शव पर धारदार हथियार से हमला करने के निशान थे। यह देख बच्चों में कोहराम मच गया।

मामले की छानबीन में जुटी पुलिस
घटना की जानकारी मिलते ही स्थानीय पुलिस फोर्स के साथ फॉरेंसिक टीम के साथ सीओ भी घटनास्थल पहुंचकर मुआयना किया,,, इसके बाद पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा दिया। बताया जा रहा है कि 4 दिन लगातार दंपति के बीच किसी न किसी बात को लेकर विवाद होते रहता था। दिल दहला देने वाली वारदात ने न सिर्फ एक परिवार को उजाड़ दिया, बल्कि पूरे इलाके में खौफ और हैरानी की लकीरें खींच दी हैं… वही पति, जिसने कभी सात फेरों के समय अपनी पत्नी की रक्षा का वचन लिया था, उसी ने उसे जीवन के आखिरी पड़ाव पर मौत दे दी। 

By admin

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Verified by MonsterInsights