चुनाव आयोग के अनुसार अंडमान निकोबार, गोवा और लक्षद्वीप में प्रपत्रों का वितरण 100 प्रतिशत पूरा हो चुका है, जबकि गुजरात, मध्य प्रदेश, राजस्थान और उत्तर प्रदेश में भी वितरण लगभग पूर्णता पर है। डिजिटाइजेशन में लक्षद्वीप 77.30 प्रतिशत, गोवा 65.39 प्रतिशत और राजस्थान 60.54 प्रतिशत के साथ सबसे आगे हैं। वहीं केरल और उत्तर प्रदेश में यह प्रक्रिया धीमी बताई गई है।
इस गहन पुनरीक्षण में 5 लाख 32 हजार 828 बूथ स्तर अधिकारी और 11 लाख 40 हजार 598 बूथ स्तर के प्रतिनिधि लगे हैं। आयोग ने सभी राजनीतिक दलों से अधिक बूथ स्तर एजेंट नियुक्त करने का अनुरोध किया है, ताकि सत्यापन प्रक्रिया और तेजी से की जा सके। आयोग ने स्पष्ट किया कि बूथ स्तर अधिकारियों की नियुक्ति निर्वाचक पंजीकरण अधिकारी द्वारा जिला निर्वाचन अधिकारी की स्वीकृति से की जाती है।
उल्लेखनीय है कि 4 नवंबर से 4 दिसंबर तक चलने वाले इस विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान में कुल 5 करोड़ 9 लाख से अधिक मतदाताओं वाले 12 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में प्रपत्र वितरण और डिजिटाइजेशन का कार्य तेजी से आगे बढ़ रहा है।
