तहसीलदार सचिन कुमार की जांच में पाया गया कि साजिद (सीएससी आईडी–354772620014, मोबाइल नंबर 7017561312) द्वारा आवेदनकर्ता नवाजिश पुत्र नूर आलम निवासी मुस्तफाबाद काफर्जी स्थायी निवास प्रमाण पत्रनिर्गत कराया गया था।जांच में पाया गया कि आवेदन के साथ संलग्न खतौनी दस्तावेज फर्जी था।आवेदन में संलग्न खतौनी में मुस्तकीम पुत्र सद्दीकका नाम दर्शाया गया था, जबकि भूलेख अभिलेखों में उसी भूमि परअब्दुल मजीद पुत्र अल्लादीनका नाम दर्ज पाया गया।
प्रशासनिक जांच में यह भी सामने आया कि साजिद एवं अन्य सहयोगियों द्वारा संगठित रूप से सरकारी दस्तावेजों के आधार परफर्जी प्रमाण पत्र तैयार कर सरकारी योजनाओं व रोजगार अवसरों का अनुचित लाभ उठाया जा रहा था। उप जिलाधिकारी हरिद्वार ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए।
साजिद व अन्य के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज करने की संस्तुतिकी गई है। साथ ही, जिलाधिकारी के निर्देशानुसार पिछले पांच वर्षों में निर्गत सभी प्रमाण पत्रों की जांच कराई जा रही है।
