याचिका आम आदमी पार्टी ने दायर की है। सुनवाई के दौरान आम आदमी पार्टी की ओर से पेश वरिष्ठ वकील राहुल मेहरा ने कहा कि राजनीतिक दलों के लिए आवास आवंटन को लेकर जारी दिशानिर्देश के तहत किसी भी मान्यता प्राप्त राजनीतिक दल के मुखिया को अगर कोई आवास नहीं है या उसे किसी दूसरे प्रावधान के तहत आवास उपलब्ध नहीं कराया गया है तो दिल्ली में एक सरकारी आवास के आवंटन का प्रावधान है।
याचिका में कहा गया है कि आम आदमी पार्टी एक मान्यता प्राप्त राजनीतिक दल है और अरविंद केजरीवाल आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक हैं। याचिका में कहा गया है कि केजरीवाल दिल्ली में सरकारी आवास पाने की सभी अहर्ताएं पूरी करते हैं। याचिका में मांग की गई है कि अरविंद केजरीवाल को केंद्रीय दिल्ली में आवास उपलब्ध कराने का आदेश जारी किया जाए।
याचिका में कहा गया है कि अरविंद केजरीवाल ने दिल्ली के मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देने के बाद 4 अक्टूबर 2024 को आवंटित सरकारी आवास छोड़ दिया था। याचिका में कहा गया है कि आम आदमी पार्टी ने अरविंद केजरीवाल को दिल्ली में सरकारी आवास उपलब्ध कराने के लिए 20 सितंबर 2024 को प्रशासन को पत्र लिखा था। उसके बाद भी पत्र लिखे गए लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की गई। याचिका में कहा गया है कि इसके पहले न्यायालय ने आम आदमी पार्टी को दफ्तर आवंटित करने का आदेश दिया था।
