नैनीताल, 13 मार्च । नैनीताल के एक होटल में हुई एक युवती की हत्या के मामले में न्यायालय ने आरोपित को दोषसिद्ध करार दिया है। द्वितीय अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश कुलदीप शर्मा के न्यायालय में सुनवाई के दौरान आरोपित गुलजार पुत्र सज्जार, निवासी गली संख्या-4 रहमत नगर करौला, मुरादाबाद को इरम खान नाम की युवती की हत्या के मामले में भारतीय दंड संहिता की धारा 302 और 201 के अंतर्गत दोषी ठहराया है। मामले में सजा सुनाने के लिए 18 मार्च 2026 की तिथि नियत की गई है।
यह मामला 1 अगस्त 2023 का है, जब नैनीताल के तल्लीताल क्षेत्र में हल्द्वानी रोड स्थित एक होटल के कमरा संख्या-202 में इरम खान का शव संदिग्ध अवस्था में मिला था। एक दिन पहले 31 जुलाई को गुलजार उसे अपनी पत्नी बताकर होटल में लाया था, हालांकि बाद में बताया गया कि वह पहले से न केवल शादीशुदा और तीन बच्चों का पिता होने के बावजूद इरम से दुष्कर्म कर चुका था और उस पर शादी करने के लिये दबाव बना रहा था।
घटना के अगले दिन 2 अगस्त 2023 को मृतका की बहन फरहीन वारसी ने थाना तल्लीताल में शिकायत दर्ज कराते हुए आरोप लगाया गया था कि गुलजार ने अपने सहयोगियों के साथ मिलकर इरम खान को मुरादाबाद से नैनीताल लाकर उसकी हत्या कर दी। अभियोजन पक्ष के अनुसार इरम की शिकायत पर पूर्व में आरोपित और उसके परिजनों के विरुद्ध मुरादाबाद के थाना मुगलपुरा में दुष्कर्म और धमकी से संबंधित आरोपों में भारतीय दंड संहिता की धारा 376, 377, 313, 504 व 506 के अंतर्गत अभियोग दर्ज किया था।
गुलजार इरम पर इन आरोपों को वापस लेने का दबाव बना रहा था। इसी कारण आरोपित मृतका को नैनीताल लेकर आया और होटल के कमरे में जहर देकर उसकी हत्या कर दी। मामले में अभियोजन की ओर से जिला शासकीय अधिवक्ता फौजदारी सुशील कुमार शर्मा ने पैरवी की। न्यायालय में प्रस्तुत साक्ष्यों के अनुसार पोस्टमार्टम के दौरान मृतका का विसरा सुरक्षित रखा गया था।
बाद में फोरेंसिक जांच में उसमें एल्युमीनियम फॉस्फाइड विष पाया गया, जिसे मृत्यु का कारण माना गया। सुनवाई के दौरान यह भी सामने आया कि घटना के बाद आरोपित फरार हो गया था और होटल के कमरे से मृतका का मोबाइल फोन भी गायब पाया गया, जिससे साक्ष्य मिटाने की आशंका जताई गई। न्यायालय ने उपलब्ध साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर आरोपित को दोषी ठहराते हुए सजा पर अंतिम निर्णय के लिए 18 मार्च 2026 की तिथि निर्धारित की है।
