मुख्यमंत्री ने बताया कि इस पर्व पर इसलिए अवकाश घोषित किया जा रहा है, क्योंकि चार दिन के इस पर्व के तीसरे दिन व्रती सूर्यास्त के समय नदी या तालाब के किनारे जाकर अस्ताचलगामी सूर्य को अर्घ्य देते हैं। यह छठ पूजा का सबसे महत्वपूर्ण दिन होता है। इस दिन सुबह से ही तैयारी शुरू हो जाती है और पूरा परिवार किसी ने किसी कार्य को पूरा करने में लगा रहता है।

मुख्यमंत्री ने इस पर्व को लेकर श्रद्धालुओं को शुभकामनाएं दी। उन्होंने कहा कि छठ पर्व प्रकृति को समर्पित पर्व है, जिसमें सूर्यदेव और छठी मैया की पूजा होती है। उन्होंने कहा कि छठ पर्व आस्था, श्रद्धा और स्वच्छता का प्रतीक भी है, जो हमें प्रकृति, जल और सूर्य की उपासना के माध्यम से पर्यावरण संरक्षण का संदेश देता है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि यह पर्व लोक आस्था और भारतीय संस्कृति की समृद्ध परंपरा का उत्सव है, जिसमें परिवार, समाज और समुदाय एक साथ जुड़ते हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि दिल्ली सरकार ने सभी छठ घाटों पर स्वच्छता, सुरक्षा और सभी आवश्यक सुविधाओं की व्यवस्था सुनिश्चित की है, ताकि श्रद्धालु निश्चिंत होकर पूजन कर सकें।

————–

By editor

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Verified by MonsterInsights