सीएम योगी ने दिया भरोसा, कमेटी की रिपोर्ट पर टिकी निगाहें
बांदा। प्रदेश के हजारों शिक्षामित्रों और अनुदेशकों के चेहरे पर इन दिनों उम्मीद की चमक है। लंबे समय से मानदेय बढ़ाने की मांग कर रहे इन कर्मचारियों को दीपावली से पहले खुशखबरी मिल सकती है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शिक्षक दिवस के अवसर पर भरोसा दिलाया था कि गठित उच्चस्तरीय कमेटी की रिपोर्ट आने के बाद सरकार सकारात्मक निर्णय लेगी।वर्तमान में शिक्षामित्रों को 10 हजार रुपये और अनुदेशकों को नौ हजार रुपये मासिक मानदेय मिल रहा है। लगातार बढ़ती महंगाई के बीच इसे अपर्याप्त बताया जा रहा है। यही वजह है कि शिक्षामित्र और अनुदेशक वर्षों से मानदेय वृद्धि की मांग उठा रहे हैं।
बांदा मंडल के चारों जिलों में ही 4789 शिक्षामित्र और 1405 अनुदेशक कार्यरत हैं। इनमें से बड़ी संख्या में शिक्षामित्र टीईटी परीक्षा पास कर चुके हैं। इनका मानना है कि उनकी योग्यता और अनुभव को देखते हुए सरकार उन्हें न सिर्फ वरीयता देगी, बल्कि मानदेय में भी पर्याप्त इजाफा करेगी।सुप्रीम कोर्ट ने हाल ही में देशभर के बेसिक स्कूलों में नियुक्ति के लिए टीईटी अनिवार्य कर दिया है। इससे गैर-टीईटी पास शिक्षामित्रों में भविष्य को लेकर असमंजस बना हुआ है, लेकिन फिर भी वे मानदेय बढ़ने की उम्मीद से उत्साहित हैं।विभागीय सूत्रों का कहना है कि कमेटी की रिपोर्ट मिलने के बाद सरकार किसी भी समय बड़ा फैसला कर सकती है। यदि यह निर्णय दीपावली से पहले आता है तो यह शिक्षामित्रों और अनुदेशकों के लिए एक लंबे इंतजार के बाद सच्चा पर्व-तोहफ़ा साबित होगा।
