बिहार के मौलाना अब्दुल्ला सलीम द्वारा मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की माताजी पर की गई अभद्र टिप्पणी ने अब एक बड़ा रूप ले लिया है। इस मुद्दे पर ज्योतिष पीठ के शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने कड़ा रुख अपनाया है। हरदोई पहुंचे स्वामी जी ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि मातृशक्ति का अपमान किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
‘खबरदार! दोबारा ऐसी हिमाकत न हो’
स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने मौलाना के बयान को बेहद शर्मनाक बताते हुए कहा कि योगी आदित्यनाथ की मां सिर्फ उनकी नहीं, बल्कि हम सबकी मां हैं। समाज में बैठी हर महिला हमारी मातृशक्ति है। उन्होंने चेतावनी भरे लहजे में खबरदार कहते हुए नसीहत दी कि भविष्य में ऐसी बयानबाजी से दूर रहें, क्योंकि यह ना केवल अपमानजनक है बल्कि समाज के भाईचारे को भी खत्म करती है।
पिता से 100 गुना बड़ा है मां का दर्जा
स्वामी जी ने संस्कृत के श्लोक “पितुः शतगुणी माता गौरवेणातिरिच्यते” का उदाहरण देते हुए समझाया कि शास्त्रों में माता का स्थान पिता से सौ गुना ऊपर माना गया है। उन्होंने कहा कि चाहे पंडित हो या मौलाना, मां के खिलाफ बोलना उनके अपने धर्म को छोटा बनाता है। इस्लाम में भी मां का दर्जा ऊंचा है, फिर ऐसे अपशब्द क्यों? मुस्लिम समाज को अपने धर्मगुरुओं को मर्यादा में रहने की सीख देनी चाहिए।
काशी से लखनऊ तक धर्मयुद्ध
आपको बता दें कि स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद इन दिनों गोप्रतिष्ठा धर्मयुद्ध यात्रा पर हैं। यह यात्रा 7 मार्च को काशी (वाराणसी) से शुरू हुई है। 11 मार्च को लखनऊ में एक बड़ी धर्मसभा का आयोजन होना है। इसी यात्रा के दौरान हरदोई प्रवास पर उन्होंने यह तीखा बयान दिया, जिसकी गूँज पूरे प्रदेश में सुनाई दे रही है।
