परिजन के मुताबिक, 30 अगस्त को बालराज ने मुम्बई से घर लौटते समय मोबाइल से स्वजन से बातचीत भी की थी। इसके बाद से उनसे सम्पर्क नहीं हो सका। लगातार इंतजार और तलाश के बाद भी जब कोई जानकारी नहीं मिली तो परिवार ने पुलिस की शरण ली।
शुक्रवार को परिजन पुलिस अधीक्षक सोमेन बर्मा से मिले और प्रार्थना पत्र देकर मोबाइल को सर्विलांस पर लगवाने तथा बालराज का पता लगाने की गुहार लगाई। उनका कहना है कि अब तक कोई सुराग न मिलने से उनकी चिंता और बढ़ गई है।
पुलिस ने मामले की जांच कर शीघ्र ही आवश्यक कदम उठाने का आश्वासन दिया है। वहीं गांव में भी इस घटना को लेकर चिंता का माहौल है।
