उत्तर प्रदेश के संभल जिले में जुमे की नमाज से पहले पुलिस और सियासत के बीच एक बड़ा शब्द युद्ध छिड़ गया है। संभल के सीओ कुलदीप कुमार का एक वीडियो सोशल मीडिया पर आग की तरह फैल रहा है, जिसमें वह ईरान-इजरायल विवाद को लेकर प्रदर्शन करने वालों को सख्त लहजे में चेतावनी दे रहे हैं। इस बयान पर AIMIM चीफ असदुद्दीन ओवैसी ने बेहद तीखा पलटवार किया है।
CO की सख्त चेतावनी- ‘सीधे ईरान चले जाओ’
पीस कमेटी की बैठक में सीओ कुलदीप कुमार ने दो टूक शब्दों में कहा कि जुमे की नमाज के दौरान कोई भी सड़क पर अराजकता नहीं फैलाएगा। उन्होंने कहा कि जिन लोगों को ईरान के नाम पर छाती पीटनी है या प्रोटेस्ट करना है, वो जहाज पकड़ें और सीधे ईरान चले जाएं। यहां सड़कों पर काली पट्टी बांधना या नारेबाजी करना बर्दाश्त नहीं होगा। सीओ ने चेतावनी दी कि कानून हाथ में लेने वालों का पुलिस बढ़िया इलाज करेगी और किसी को भी मस्जिद के बाहर सड़क पर नमाज पढ़ने की इजाजत नहीं दी जाएगी।
ओवैसी का पलटवार- ‘देश किसी के बाप का नहीं’
सीओ का वीडियो वायरल होते ही असदुद्दीन ओवैसी मैदान में उतर आए। एक जनसभा में उन्होंने गरजते हुए कहा कि मैंने संभल के सीओ का वीडियो देखा है, वह मुसलमानों को थाने बुलाकर धमका रहे हैं। क्या यह मुल्क उनके बाप का है? देश संविधान से चलेगा या किसी की जुबान से? ओवैसी ने यहां तक कह दिया कि संभल के सीओ इजरायली पीएम बेंजामिन नेतन्याहू की भाषा बोल रहे हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि अगर इजरायल के समर्थन में रैली निकलेगी, तो क्या पुलिस तब भी ऐसा ही रवैया अपनाएगी?
विदेश नीति पर भी घेरा
ओवैसी ने सिर्फ पुलिस अधिकारी को ही नहीं, बल्कि प्रधानमंत्री पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि भारत को ईरान पर हुए हमले की निंदा करनी चाहिए थी। ओवैसी के मुताबिक, भारत हमेशा फिलिस्तीनियों के साथ खड़ा रहा है, लेकिन मौजूदा रुख अंतरराष्ट्रीय कानूनों का उल्लंघन है। उन्होंने पीएम से सवाल किया कि वह ट्रंप और नेतन्याहू के साथ क्यों खड़े हैं?
संभल में हाई अलर्ट
फिलहाल सीओ के बयान और ओवैसी की प्रतिक्रिया के बाद संभल में सियासी माहौल काफी गरम है। पुलिस प्रशासन ने सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए हैं ताकि जुमे की नमाज के दौरान शांति व्यवस्था बनी रहे।
