उत्तर प्रदेश बाल विकास सेवा एवं पुष्टहार विभाग में भ्रष्टाचार की खबर से हड़कंप मच गया है. विभाग की राज्यमंत्री प्रतिभा शुक्ला ने इस संबंध में निदेशक आईसीडीएस को पत्र लिखा है जिसमें आंगनबाड़ी में भर्ती को को लेकर गड़बड़ी की शिकायत की गई है. इस चिट्ठी के बाद पूरे विभाग में हलचल मच गई है. इस पत्र को उच्च स्तर पर गंभीरता से लिया गया है जिसके बाद कई अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई की जा सकती है.
इससे पहले सीएम योगी आदित्यनाथ के द्वारा पंजीरी सिंडीकेट को खत्म किया गया था और अब इस विभाग के अधिकारी अपनी कारिस्तानियों को लेकर सुर्खियों में आ गए हैं. राज्यमंत्री प्रतिमा शुक्ला ने आईसीडीएस पत्र लिखा है. इस पत्र में आंगनबाड़ी में कार्यकर्ताओं की गई भर्तियों में गड़बड़ी होने की शिकायत की गई है. जिसमें बड़े स्तर पर भ्रष्टाचार की बात सामने आई हैं.
राज्यमंत्री की चिट्ठी से विभाग में मचा हड़कंप
राज्यमंत्री का ये पत्र सामने आने के बाद पूरे विभाग में हलचल मच गई है. वहीं उच्च स्तर पर भी इस पत्र को गंभीरता से लिया जा रहा है. इस पत्र में पूरे मामले की जांच कर कार्रवाई को कहा गया है. माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में जांच तेज हो सकती हैं. जिसमें कई अधिकारी जांच के घेरे में आ सकते हैं. आरोप सही पाए जाने पर शासन द्वारा कार्रवाई भी की जा सकती है.
बता दें कि बाल विकास सेवा एवं पुष्टहार विभाग अपने कारनामों को लेकर काफी चर्चाओं में रहा है. आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की भर्ती से लेकर पात्रों को मिलने वाले लाभ और मदद को लेकर भी कई तरह की शिकायतें मिलती रहती है. इससे पहले रायबरेली की ऊंचाहार सीट से विधायक मनोज पांडेय भी इस तरह की शिकायत कर चुके हैं. उन्होंने विधानसभा में भी ये मुद्दा उठाया था और जांच की मांग की थी.