बागपत जिले से एक झकझोर देने वाली खबर सामने आई है। जहां दोघट थाना क्षेत्र के आजमपुर मुलसम गांव में दिल्ली पुलिस के एक 30 वर्षीय कांस्टेबल ने अपनी सर्विस पिस्टल से खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली। इस घटना से पूरे गांव में सन्नाटा पसरा है और परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है।
छुट्टी पर घर आया था जवान
मृतक कांस्टेबल की पहचान पीयूष के रूप में हुई है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, पीयूष शुक्रवार को ही अपने गांव आया था। शाम के वक्त जब घर के लोग मौजूद थे, तभी अचानक कमरे से गोली चलने की आवाज आई। परिजन जब तक कमरे में पहुंचे, पीयूष लहूलुहान हालत में जमीन पर पड़ा था।
अस्पताल ले जाते समय तोड़ा दम
गोली की आवाज सुनकर पड़ोसी भी मौके पर जमा हो गए। गंभीर रूप से घायल पीयूष को तुरंत बड़ौत के एक निजी अस्पताल ले जाया गया। वहां उसकी नाजुक हालत को देखते हुए डॉक्टरों ने उसे हायर सेंटर रेफर कर दिया, लेकिन जिला अस्पताल पहुंचते ही डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
पिता के बाद संभाली थी जिम्मेदारी
पीयूष के बारे में बताया जा रहा है कि उसे साल 2018-19 में अपने पिता के निधन के बाद अनुकंपा कोटे (Compassionate Appointment) के तहत दिल्ली पुलिस में भर्ती किया गया था। वह अभी कुंवारा था और उसका बड़ा भाई विदेश में नौकरी करता है। घर में वह अपनी मां और परिजनों के साथ रहता था।
पुलिस की कार्रवाई
दोघट थाना प्रभारी (SHO) सूर्यदीप सिंह ने बताया कि पुलिस ने घटनास्थल से पीयूष की सर्विस पिस्टल को जब्त कर लिया है। फिलहाल आत्महत्या के कारणों का पता नहीं चल पाया है। पुलिस मामले की गहनता से जांच कर रही है और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।
