भारतीय राजनीति में जुबानी जंग तेज हो गई है। लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी के खिलाफ भाजपा सांसद कंगना रनौत द्वारा की गई ‘टपोरी’ वाली टिप्पणी पर कांग्रेस और विपक्षी दलों ने कड़ा ऐतराज जताया है। कांग्रेस सांसद सुखदेव भगत ने कंगना के बयान की निंदा करते हुए कहा कि वे केवल चर्चा में रहने के लिए ऐसी भाषा का इस्तेमाल कर रही हैं।

स्मृति ईरानी बनने की कोशिश कर रही हैं कंगना
एएनआई (ANI) से बातचीत के दौरान सुखदेव भगत ने कहा, “राहुल गांधी महिलाओं का सम्मान करने वाले व्यक्ति हैं और देश की महिलाएं उन्हें अपने भाई के रूप में देखती हैं। कंगना रनौत इस तरह की अभद्र भाषा का इस्तेमाल सिर्फ इसलिए कर रही हैं ताकि वह राजनीति में स्मृति ईरानी जैसा स्थान बना सकें।”

विपक्षी सांसदों ने भी घेरा
कंगना के बयान पर केवल कांग्रेस ही नहीं, बल्कि शिवसेना (UBT) ने भी आपत्ति जताई है।
- प्रियंका चतुर्वेदी (शिवसेना UBT): उन्होंने कहा कि राजनीतिक मतभेद अपनी जगह हैं, लेकिन राहुल गांधी जैसे व्यक्ति पर ऐसे आरोप लगाना गलत है। जिस परिवार में महिला नेतृत्व का इतना बड़ा इतिहास रहा हो, वहां के सदस्य के लिए ऐसी टिप्पणी हास्यास्पद है।
- जोतिमणि (कांग्रेस सांसद): उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि शायद फिल्मों के न चलने की वजह से कंगना हताशा में हैं और उन्हें डॉक्टरी सलाह की जरूरत है। राहुल गांधी के कद को आंकने वाली कंगना आखिर होती कौन हैं?

क्या था कंगना रनौत का विवादित बयान?
हाल ही में कंगना रनौत ने राहुल गांधी के संसद में व्यवहार पर सवाल उठाए थे। उन्होंने राहुल गांधी पर अन्य सांसदों को ‘हेकल’ (परेशान) करने का आरोप लगाते हुए कहा था, “संसद में जिस तरह से वह पेश आते हैं, उससे हम महिलाएं असहज महसूस करती हैं। वह एक ‘टपोरी’ की तरह चलते हैं। उन्हें अपनी बहन (प्रियंका गांधी) से व्यवहार सीखना चाहिए।”
