समाजवादी पार्टी (सपा) के अध्यक्ष और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के ‘स्वदेशी’ के नारे पर सवाल उठाते हुए बुधवार को कहा कि अगर भाजपा मन से स्वदेशी है तो उसकी सरकार भारतीय बाजार के बहुत बड़े हिस्से पर कब्जा जमाये बैठे चीन पर टैरिफ क्यों नहीं लगाती। यादव ने उत्तर प्रदेश की भाजपानीत सरकार पर नदियों की सफाई के नाम पर भ्रष्टाचार करने का आरोप भी लगाया और कहा कि सरकार हर योजना में लूट की योजना बनाती है।
‘भाजपा के मुंह पर तो स्वदेशी है लेकिन..’
सपा प्रमुख ने भाजपा के ‘स्वदेशी’ के हालिया नारे को ‘गुमराह’ करने वाला बताते हुए कहा, ‘‘सरकार हमें और आपको स्वदेशी-स्वदेशी का चूरन खिला रही है। जिस तरीके से अमेरिका ने टैरिफ लगाया है, आप (भारत) भी उसी तरह चीन पर टैरिफ लगा दीजिये।” उन्होंने कहा, ‘‘स्वदेशी का नारा तो केवल हमें और आपको गुमराह करने के लिये है। भाजपा के मुंह पर तो स्वदेशी है लेकिन उसके मन में विदेशी है। अगर भाजपा सरकार मन से स्वदेशी है तो वह उस पर (चीन) टैरिफ क्यों नहीं लगाती है, जो हमारा सबसे ज्यादा बाजार खा रहा है?”
‘यह सरकार बजट साफ कर रही है…’
पूर्व मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया, ‘‘यह सरकार नदियां नहीं साफ कर रही है… यह बजट साफ कर रही है। हर अच्छी चीज को कैसे खराब करना है, सरकार उसके लिए योजना बनाती है। कैसे लूटा जाए, वह उसकी योजना बनाती है।” किसानों की समस्याओं का जिक्र करते हुए यादव ने कहा,‘‘सरकार किसानों को कोई चीज उपलब्ध नहीं करा रही है। कहीं भी खाद नहीं मिल रही है। जरूरत पर डीएपी खाद कहीं नहीं मिल रही है। गन्ने की कीमत नहीं बढ़ायी गयी। यह सरकार तो केवल किसानों की जमीन और फसल लूट रही है। सरकार ने बड़े-बड़े कारोबारियों को रियल एस्टेट बैंक और बड़े-बड़े लैंड बैंक बनाने की खुली छूट दे दी है। सच्चाई तो यह है कि किसानों के प्रति यह सरकार कभी ईमानदार नहीं रही है।”
