दिल्ली से सटे नोएडा के सेक्टर 70 (बसई गांव) में एक ऐसी घटना घटी, जो चर्चा का विषय बन गई है। जहां एक कार अचानक अनियंत्रित होकर गहरे नाले में जा गिरी। गनीमत यह रही कि जिस वक्त यह हादसा हुआ, कार के भीतर कोई मौजूद नहीं था, वरना परिणाम घातक हो सकते थे।
शराब की तलब और ड्राइवर की चूक
हादसे की कहानी किसी फिल्मी सीन जैसी है। जानकारी के मुताबिक, कार का ड्राइवर बसई गांव के पास गाड़ी खड़ी करके शराब लेने गया था। बताया जा रहा है कि ड्राइवर ने शायद हैंडब्रेक सही से नहीं लगाया या ढलान का अंदाजा नहीं मिल पाया। जैसे ही ड्राइवर गाड़ी से उतरा, कार धीरे-धीरे खिसकने लगी और सीधे पास के खुले नाले में जा समाई।
पुलिस और स्थानीय लोगों ने संभाला मोर्चा
कार को नाले में लटका देख मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। सूचना मिलते ही थाना फेज-3 की पुलिस टीम मौके पर पहुंची। स्थानीय लोगों और क्रेन की मदद से कड़ी मशक्कत के बाद कार को नाले से बाहर निकाला गया। पुलिस के मुताबिक, इस घटना में कोई हताहत नहीं हुआ है और कार को सुरक्षित निकाल लिया गया है।
नोएडा प्राधिकरण के ‘खुले नाले’ बने काल?
इस हादसे ने एक बार फिर नोएडा प्राधिकरण की कार्यप्रणाली को कठघरे में खड़ा कर दिया है। स्थानीय निवासियों में इस बात को लेकर भारी आक्रोश है कि रिहायशी इलाके के पास इतना बड़ा नाला खुला क्यों है? अगर नाला ढका (Covered) होता, तो शायद कार नीचे नहीं गिरती। चश्मदीदों का कहना है कि यहाँ अक्सर हादसे का डर बना रहता है, लेकिन प्रशासन चैन की नींद सो रहा है।
पुलिस का बयान
पुलिस का कहना है कि कार को नाले से हटा लिया गया है। मामले की जांच की जा रही है और जरूरी कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
