मुजफ्फरनगर। गुरुवार से शुरू हुई बारिश ने पूरे दिल्ली-एनसीआर समेत पश्चिमी उत्तर प्रदेश के मौसम का मिजाज अचानक बदल दिया है। जहां कुछ दिन पहले तक गर्मी दस्तक देने लगी थी, वहीं अब एक बार फिर ठंडी हवाओं और बूंदाबांदी ने सर्दी का अहसास करा दिया है। हालात ऐसे हो गए कि लोगों को फिर से अपने गर्म कपड़े निकालने पर मजबूर होना पड़ा। बारिश के चलते सबसे ज्यादा असर त्योहारों की रौनक पर पड़ा है। खासतौर पर ईद जैसे बड़े पर्व पर, जब बाजारों में आमतौर पर भारी भीड़ और खरीदारी का उत्साह देखने को मिलता है, इस बार मुजफ्फरनगर के बाजारों में सन्नाटा पसरा नजर आया। लगातार हो रही बारिश और ठंडी हवाओं के कारण लोग घरों से बाहर निकलने से बचते दिखे। शहर के प्रमुख बाजार शिव चौक, भगत सिंह रोड, मीनाक्षी चौक और नई मंडी क्षेत्र जहां आमतौर पर ईद से पहले रौनक चरम पर होती है, वहां इस बार दुकानदार ग्राहकों का इंतजार करते नजर आए। कपड़ों, जूतों और सेवइयों की दुकानों पर अपेक्षाकृत कम भीड़ देखने को मिली, जिससे व्यापारियों के चेहरे पर मायूसी साफ झलकती रही। लोगों का कहना है कि मौसम की इस अचानक करवट ने त्योहार की खुशियों पर पानी फेर दिया है। परिवार के साथ बाजार जाकर खरीदारी करने की परंपरा इस बार मौसम की मार के आगे फीकी पड़ गई। बच्चे और महिलाएं, जो ईद की खरीदारी को लेकर सबसे ज्यादा उत्साहित रहते हैं, वे भी घरों में ही सिमटे रहे। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने के चलते यह बदलाव आया है, जिसके कारण अगले कुछ दिनों तक हल्की बारिश और ठंडी हवाएं चलने की संभावना बनी हुई है। इससे तापमान में गिरावट दर्ज की गई है और सुबह-शाम ठंड का एहसास फिर बढ़ गया है।

कुल मिलाकर, इस बार ईद का त्योहार जहां खुशियों और उत्साह के लिए जाना जाता है, वहीं बारिश और ठंड ने इसकी चमक को कुछ हद तक फीका कर दिया है। अब लोग मौसम के साफ होने का इंतजार कर रहे हैं ताकि त्योहार की रौनक फिर से लौट सके।

