उत्तराखंड और हिमाचल की तरह अब उत्तर प्रदेश भी भारी बारिश और बाढ़ जैसी स्थिति का सामना कर रहा है। गंगा, यमुना और शारदा जैसी प्रमुख नदियां अभी भी कई जगहों पर खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं। हालांकि कुछ स्थानों पर जलस्तर धीरे-धीरे कम हो रहा है, लेकिन भारी बारिश का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है।
आज 8 अगस्त के लिए कई जिलों में भारी बारिश का रेड अलर्ट
भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने यूपी के कई जिलों में आज भारी बारिश की चेतावनी दी है। इन जिलों में लखनऊ, अयोध्या, बाराबंकी, गोंडा, लखीमपुर खीरी, बहराइच और अमेठी शामिल हैं। इन जगहों पर अगले 24 घंटे में भारी बारिश होने की संभावना जताई गई है।
लखनऊ में स्कूल बंद
तेज बारिश और जलभराव की आशंका को देखते हुए लखनऊ के जिलाधिकारी ने आदेश जारी कर दिए हैं कि कक्षा 8 तक के सभी स्कूल आज बंद रहेंगे। यह आदेश सभी प्रकार के स्कूलों पर लागू होगा – सरकारी, सहायता प्राप्त, निजी और अन्य बोर्डों से जुड़े स्कूलों पर भी।
कई नदियां अब भी खतरे के निशान से ऊपर
राज्य बाढ़ प्रबंधन विभाग की रिपोर्ट के मुताबिक, यूपी में कई नदियों का जलस्तर अभी भी खतरे के निशान से ऊपर है:-
गंगा नदी
बदायूं (कछला ब्रिज), गाजीपुर, प्रयागराज (छतनाग और फाफामऊ), बलिया, मिर्जापुर और वाराणसी में गंगा का जलस्तर खतरे के निशान से ऊपर रिकॉर्ड किया गया है। प्रयागराज, मिर्जापुर और बलिया में जलस्तर घट रहा है, जबकि गाजीपुर में स्थिर है।
घाघरा नदी
अयोध्या और बाराबंकी (एल्गिन ब्रिज) पर खतरे के निशान से ऊपर बह रही है। अयोध्या में पानी बढ़ रहा है, जबकि एल्गिन ब्रिज पर जलस्तर स्थिर बना हुआ है।
यमुना नदी
प्रयागराज के नैनी क्षेत्र में यमुना नदी ने खतरे का निशान पार कर लिया था, लेकिन अब धीरे-धीरे जलस्तर घट रहा है।
राप्ती नदी
श्रावस्ती और भिनगा के पास राप्ती नदी खतरे के निशान के करीब पहुंच चुकी है।
शारदा नदी
लखीमपुर खीरी (पल्लियाकलां) में शारदा नदी अभी भी खतरे के निशान से ऊपर है, लेकिन इसका जलस्तर कम हो रहा है।
बारिश के कारण फिर बढ़ सकती है परेशानी
हालांकि कुछ नदियों का जलस्तर घटने लगा है, लेकिन अगर आज फिर से तेज बारिश हुई तो हालात फिर बिगड़ सकते हैं। निचले इलाकों में जलभराव और बाढ़ की आशंका बनी हुई है। प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने और जरूरी सावधानी बरतने की अपील की है।
