मुजफ्फरनगर (नीरज प्रजापति)। मगीरथ बस्ती, ए टू जेड कालोनी व वसुंधरा बस्ती की संयुक्त आयोजन समिति द्वारा रविवार 15 फरवरी 2026 को शहर के प्रतिष्ठित स्थल अग्रसैन भवन में एक भव्य एवं ऐतिहासिक विराट हिन्दू सम्मेलन का आयोजन किया गया। सम्मेलन का आयोजन शशि मित्र, डा० के०पी० वर्मा एवं कुलदीप गुप्ता के संरक्षण में तथा नैन सिंह की अध्यक्षता में संपन्न हुआ। कार्यक्रम में 400 से अधिक प्रबुद्ध नागरिकों, सामाजिक कार्यकर्ताओं एवं विभिन्न क्षेत्रों के गणमान्य व्यक्तियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। पूरे आयोजन स्थल पर राष्ट्रभावना, सांस्कृतिक चेतना और सामाजिक एकता का वातावरण दिखाई दिया। सम्मेलन का सफल संचालन सुघोष आर्य द्वारा अत्यंत प्रभावशाली शैली में किया गया। सम्मेलन में मुख्य वक्ता के रूप में खतौली से पधारी कुसुम बन्धु (पूर्व प्रधानाचार्य) ने अपने सारगर्भित एवं ओजस्वी उद्बोधन से उपस्थित जनसमूह को मंत्रमुग्ध कर दिया। उन्होंने समाज में सकारात्मक बदलाव के लिए ‘पंच परिवर्तन’ का सूत्र प्रस्तुत करते हुए कहा कि सामाजिक समरसता आज समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है। पर्यावरण संरक्षण एवं संवर्धन केवल अभियान नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक का कर्तव्य है।

कुटुम्ब प्रबोधन से ही संस्कारवान समाज का निर्माण संभव है। स्वआधारित जीवन शैली आत्मनिर्भर भारत की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। नागरिक कर्तव्य बोध के बिना राष्ट्र सशक्त नहीं हो सकता। उन्होंने कहा कि यदि प्रत्येक व्यक्ति इन पांच बिंदुओं को अपने जीवन में आत्मसात कर ले, तो समाज में सकारात्मक परिवर्तन स्वतः दिखाई देगा। सम्मेलन के दौरान वक्ताओं ने एक स्वर में समाज में बढ़ती चुनौतियों के बीच संगठन और जागरूकता को आवश्यक बताया। वक्ताओं ने कहा कि हिन्दू समाज को अपने सांस्कृतिक मूल्यों, परंपराओं और राष्ट्रीय कर्तव्यों के प्रति सजग रहना होगा। कार्यक्रम के अंत में सभी उपस्थित नागरिकों ने समाज में एकता, समरसता और राष्ट्रहित के लिए मिलकर कार्य करने का संकल्प लिया। यह विराट हिन्दू सम्मेलन न केवल एक सामाजिक कार्यक्रम रहा, बल्कि समाज जागरण और वैचारिक मंथन का एक सशक्त मंच बनकर उभरा। आयोजन की भव्यता, अनुशासन और जनभागीदारी ने इसे क्षेत्र का ऐतिहासिक आयोजन बना दिया।
